पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • Local
  • Mp
  • Gwalior
  • डिजिटल नक्शे में दौड़ते दिखेंगे रानी लक्ष्मीबाई के लश्कर के घोड़े, ग्वालियर आने के दृश्य

डिजिटल नक्शे में दौड़ते दिखेंगे रानी लक्ष्मीबाई के लश्कर के घोड़े, ग्वालियर आने के दृश्य

3 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
डिजिटल नक्शे पर दौड़ते रानी लक्ष्मीबाई के लश्कर के घोड़े, वे झांसी से ग्वालियर किन-किन रास्तों से होकर आईं और अंग्रेजों से किस तरह युद्ध किया। यह गौरवशाली इतिहास जल्द ही डिजिटल नक्शे पर दिल्ली के लाल किले में पर्यटकों को देखने को मिलेगा। लाल किले में 1857 से जुड़ा इतिहास भी दिखाया जाएगा। संस्कृति मंत्रालय की ओर से लाल किले के पास दो म्यूजियम बनवाए जा रहे हैं। इनमें एक 1857 की क्रांति और दूसरा सुभाषचंद्र बोस पर आधारित है। 1857 के इतिहास से ग्वालियर का भी नाता रहा है। इसको लेकर वरिष्ठ इतिहासकार प्रो. कपिल कुमार के नेतृत्व में दिल्ली की टीम रविवार को ग्वालियर आई। यहां टीम ने 1857 से जुड़े इतिहास की जानकारी ली।

संस्कृति मंत्रालय दिल्ली के लाल किले में 1857 की क्रांति और सुभाषचंद्र बोस पर आधारित 2 संग्रहालय बनवा रहा है

Good ‌News

दिल्ली में बनने वाले म्यूजियम के लिए शहर आई टीम

टीम के सदस्य सोमवार को झांसी रवाना हो जाएंगे।

म्यूजियम में यह रहेगा खास

लाल किले पर 3 मंजिला म्यूजियम बनाया जा रहा है। इसमें 1857 से जुड़ा इतिहास होगा। यह इतिहास डिजिटल नक्शे, ऑडियो और फिल्म के जरिए दिखाया जाएगा। वरिष्ठ इतिहासकार प्रो. कपिल कुमार ने बताया कि इस म्यूजियम में उद्देश्य उन क्रांतिकारियों को भी सामने लाना है, जिनका महत्वपूर्ण योगदान रहा।

अगस्त में शुरू होगा म्यूजियम

दिल्ली के लाल किले में यह म्यूजियम 15 अगस्त तक शुरू हो जाएगा। टीम को 30 जून तक सभी दस्तावेज, फोटो और अन्य चीजें संस्कृति मंत्रालय को सौंपनी होंगी। इसके बाद मंत्रालय इन सभी दस्तावेजों का सत्यापन कराकर इसे संग्राहलय में प्रदर्शित करेगा।

अगर आपके पास जानकारी, तो करें ई-मेल

अगर आपके पास प्रथम स्वतंत्रता संग्राम 1857 से जुड़ी कोई जानकारी है या कोई दस्तावेज है तो उसकी जानकारी आप टीम को दे सकते हैं। इन चीजों का उल्लेख भी म्यूजियम में किया जाएगा। इसके लिए आप ई-मेल आईडी prokkapil@gmail.com पर जानकारी भेज सकते हैं।

खबरें और भी हैं...