पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • National
  • ड्यूटी मजिस्ट्रेट और पुलिस बल की मौजूदगी में शुक्रवार रात 2 बजे शहर की मुख्य जगहों से उठवाया कूड़ा कचरा

ड्यूटी मजिस्ट्रेट और पुलिस बल की मौजूदगी में शुक्रवार रात 2 बजे शहर की मुख्य जगहों से उठवाया कूड़ा-कचरा

3 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
नगर परिषद के कर्मचारियों की हड़ताल के दसवें दिन परिषद प्रशासन की नींद खुली। पूरे शहर में जगह-जगह इकट्ठे हुए कचरे से बीमारियां फैलने की आशंका को देखते हुए परिषद प्रशासन ने देर रात को कचरा उठवाने का काम शुरू किया। ड्यूटी मजिस्ट्रेट और भारी पुलिस बल की मौजूदगी में जेसीबी और ट्रैक्टर ट्रालियों से कचरा उठवाया गया। कचरा उठाने के काम में परिषद के हड़ताली कर्मचारी बाधा उत्पन्न न करें, इसे देखते हुए देर रात का समय चुना गया।

पिछले दस दिनों से शहर में कचरे का उठान न होने के बाद अब आखिरकार प्रशासन नींद से जागा। परिषद की दिन में कचरा उठाने की हिम्मत नहीं बनी तो रात्रि में पुलिस बल को साथ लेकर कचरा उठाया गया। परिषद ने एसडीएम से प्रशासनिक सहयोग की मांग की। जिस पर तहसीलदार सुखबीर बूरा को ड्यूटी मजिस्ट्रेट लगाया गया और कचरा उठाने के दौरान पुलिस बल मुहैया कराने के लिए कहा।

देर रात अभियान शुरू किया गया। परिषद के ईओ अरविंद बालयान, एसएचओ उदयभान गोदारा, सेनेटरी इंस्पेक्टर दीपक झांब, भाजपा नेता प्रवीन बंसल, धर्मबीर रतेरिया, किशोरी नागपाल व अन्य भाजपा कार्यकर्ता उपस्थित रहे। अभियान उमरा गेट से शुरू किया गया। बड़सी गेट, प्राची हाल, पुराना मार्केट कमेटी व तिकोना पार्क पर कचरा प्वाइंट से कचरा उठाया गया। जेसीबी से कचरा प्वाइंट से कचरा उठवा कर बाहर डंप करवाया गया। अपनी मांगों को लेकर परिषद के सफाई कर्मचारी व अग्निशमन कर्मचारी पिछले दस दिन से हड़ताल पर हैं। रात्रि में कचरा उठवाने का एक मुख्य कारण यह भी था की हड़तालियों को पता न लगे और कोई विरोध भी न हो। हुआ भी यही, अचानक से रात्रि में चलाए गए अभियान की हड़तालियों को खबर नहीं लगी।

वार्ड 9 में पार्षद ने भी चलाया अभियान

वार्ड 9 के पार्षद प्रतिनिधि अनिल बंसल ने क्षेत्रवासियों के साथ मिलकर अपने वार्ड में सफाई की व जगह-जगह लगे कचरे के ढेर को उठाया गया। इस दौरान रिक्शा में कचरा डाल कर बाहर डंप किया गया।

सामाजिक संस्थाओं की लेंगे मदद : इंस्पेक्टर

कचरा जेसीबी मशीन से उठवाया गया। दिन में ट्रैफिक होता है। इसलिए मशीन से कचरा नहीं उठवाया जा सकता था। इसके लिए पुलिस व प्रशासन का सहयोग मांगा गया था। आगे शहर की सफाई के लिए सामाजिक संस्थाओं से सहयोग लेंगे।\\\'\\\' -दीपक झांब, सेनेटरी इंस्पेक्टर, नगर परिषद

इधर, बरवाला नगर पालिका कर्मियों के धरने को संगठनों का मिला समर्थन

बरवाला | नगर पालिका कर्मचारी संघ के बैनर तले सफाई कर्मियों व दमकल कर्मचारियों का पालिका कार्यालय के समक्ष अनिश्चितकालीन धरना शनिवार को 11वें दिन भी जारी रहा। धरनारत कर्मियों को समर्थन देने के लिए कई संगठनों के पदाधिकारी पहुंचे। कर्मचारियों द्वारा नपा कार्यालय पर ताला जड़ने व शनिवार को कार्यदिवस न होने के बावजूद पिछले चार दिनों से भटक रहे क्षेत्रवासी नगर पालिका के चक्कर काटते देखे गए। अध्यक्षता सुशील कुमार ने व संचालन दीपक ग्रेवाल ने किया।

पूर्व प्रधान जितेंद्र कुमार ने सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि सरकार कर्मचारियों के सब्र का इम्तहान ना ले व कर्मचारियों की मांगों से संबंधित पूर्व में किए गए वादों के अनुरूप पूरा करे। धरने पर बैठे लोगों को समर्थन देने पहुंचे सीपीआईएम लोकल कमेटी सचिव रोहताश राजली ने कहा कि सरकार हठधर्मिता छोड़ कर कर्मचारियों की जायज मांगों का शीघ्र समाधान करे। इस के अलावा अन्य राजनीतिक व सामाजिक संगठनों के पदाधिकारियों ने भी धरनारत लोगों को समर्थन किया उनमें जनवादी लेखक संघ से सरदानंद राजली, विकलांग अधिकार मंच के प्रदेशाध्यक्ष ऋषिकेश राजली, मंच के जिलाध्यक्ष राजवीर सरहेड़ा शामिल रहे। पिछले करीब 11 दिन से चल रहे धरने के चलते शहर की गलियों व मुख्य पर से कचरे का उठान नहीं हो पाया है। जिसके कारण जगह जगह कचरे के ढेर लगे हैं। क्षेत्रवासियों का कहना है कि गलियों में नालियों के दूषित पानी भराव होने से उन्हें कई तरह की परेशानियां झेलनी पड़ रही हैं। कचरे की लगी ढेरियों पर आवारा पशुओं का जमावड़ा रहने से गंदगी चारों ओर फैल रही है। इन सबके चलते क्षेत्रवासियों को बीमारियां फैलने का भी खतरा सताने लगा है।

बरवाला नगर पालिका कार्यालय के समक्ष नारेबाजी करते धरनारत कर्मी।

खबरें और भी हैं...