हरदा। नारायण टॉकीज चौक पर कुर्सी पर बैठकर धरना देते कांग्रेस कार्यकर्ता।
कर्नाटक में कांग्रेस,जेडीएस के संयुक्त संख्या को दरकिनार करने पर जताया विरोध
भास्कर संवाददाता| हरदा
जिला कांग्रेस ने कर्नाटक विधानसभा में कांग्रेस व जेडीएस के संयुक्त संख्या बल को दरकिनार कर राज्यपाल द्वारा भाजपा को सरकार बनाने के लिए आमंत्रित करने के विरोध में बुधवार को नारायण टॉकीज चौक पर धरना दिया। 43 डिग्री तापमान में तपती दोपहरी में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने चौक पर कुर्सी पर बैठकर तीन घंटे धरना दिया। इसके बाद तहसीलदार अनुराग उइके को राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा।
जिला कांग्रेस अध्यक्ष लक्ष्मीनारायण पवार ने बताया कर्नाटक विधानसभा चुनाव के परिणाम के बाद त्रिशंकु विधानसभा की स्थिति बनी। इसमें कांग्रेस व जेडीएस संख्या बल में अधिक है। उनके दावे को दरकिनार कर राज्यपाल ने केंद्र के दबाव में भाजपा को सरकार बनाने के लिए आमंत्रित किया। यह स्वस्थ लोकतंत्र की हत्या है। उन्होंने बताया गत वर्ष गोवा, मणिपुर तथा मेघालय में कांग्रेस बड़े दल के रूप में उभरी थी, तब केंद्र के इशारे पर वहां के राज्यपालों ने कांग्रेस को सरकार बनाने के लिए आमंत्रित नहीं किया था। अब कर्नाटक में उल्टा हो रहा है। यह भाजपा की दोगली नीति है। लोकतंत्र की रक्षा की दुहाई देने वाली भाजपा ने सत्ता के लिए हर जगह लोकतंत्र का मखौल उड़ाया है। कांग्रेस नेताओं ने कर्नाटक में हुए घटनाक्रम की कड़ी निंदा की। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रपति रामनाथ काेविंद से लोकतंत्र की रक्षा के लिए पहल करने की मांग की। धरने में विधायक डॉ. आरके दोगने, पूर्व नपाध्यक्ष हेमंत टाले, वरिष्ठ कांग्रेसी देवकीनंदन लल्ला, ओम पटेल, कैलाश दांगड़ा, उमेश पाटिल, किसान कांग्रेस जिला अध्यक्ष रवि शंकर शर्मा, गोविंद व्यास, पार्षद समीर खान, प्रवक्ता आदित्य गार्गव सहित अन्य मौजूद थे।