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हत्या के विरोध में एनएच 100 पांच घंटे तक जाम

3 वर्ष पहले
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अमृत नगर के युवक मो. सेराज को बुधवार की रात में गोली मार कर हत्या करने वाले सभी आरोपियों को मुफ्फसिल पुलिस ने महज दस घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया है। इधर रात की घटना के बाद गुरुवार को परिजनों ने पांच बजे सुबह से हीं रोला के पास एनएच 100 हजारीबाग बगोदर रोड को जाम कर दिया था। उनकी मांग थी कि अविलंब दोषी को गिरफ्तार किया जाए। जैसे ही मुख्य आरोपी मनीष यादव को पुलिस ने लगभग दस बजे गिरफ्तार कर सभी तीनों की गिरफ्तारी को पूरा किया लोगों ने जाम हटा लिया।

लगभग पांच घंटे तक लगे जाम में दोनों तरफ से वाहनों की लंबी कतार लग गई जिसमें मालवाहक वाहन, ट्रक, यात्री बसें, स्कूल वाहन आदि को रोक दिया गया था। यहां तक कि दो पहिया वाहनों को भी पार नहीं करने दिया जा रहा था। लेकिन पुलिस ने जमाकर्ताओं को समझाने के साथ साथ उनकी चुनौती पर भी काम करते हुए सभी आरोपी को गिरफ्त में ले लिया। जिससे जाम हटाना उनकी बाध्यता हो गई। वहीं पुलिस घटना के कारणों को खंगालने में जुटी है। अब तक प्रयुक्त हथियार बरामद नहीं किया जा सका है। घटना स्थल से मृतक का स्कूटी बरामद किया गया है। अब तक के खुलासे में पैसे का लेन देन को लेकर हुआ विवाद बताया जा रहा है।

गिरफ्तार आरोपी : स्व. मुबारक का पुत्र मो. सेराज को गोली मारने वाला मुख्य आरोपी मनीष यादव को दारू के उसके नानी घर से गिरफ्तार किया गया। वहीं घटना स्थल पर मौजूद रहे मनीष का दोस्त जुल्फिकार अंसारी का पुत्र मो फैज को उसके चाचा के घर से गिरफ्तार किया गया। जबकि तीसरा आरोपी मो. रुस्तम अंसारी का पुत्र मो. राजा को घटना के बाद ही पुलिस ने गिरफ्त में ले लिया था। इनमें राजा का पिता पूर्व से हिस्ट्री शीटर बताया गया। जबकि राजा के भी आपराधिक कांड में पूर्व में जेल जाने की बात कही गई।

पुलिस का कहना है कि इनमें राजा सबसे शातिर है। तीनों अब तक गुमराह कर रहे हैं। डीएसपी सहदेव साव ने कहा कि अब तक जो भी बातें सामने आई हैं उनके अनुसार पैसे का लेन देन का मामला हो सकता है। कहा कि आशंका है कि यह ग्रुप साइबर क्राइम भी करते रहे हैं जिसके लिए जंगल में जाया करते थे। इनके मोबाइल की जांच की जा रही है। डीएसपी ने बताया कि मृतक की मां समीना खातून के फर्द बयान पर कांड संख्या 122/18 धारा 302, 34 के तहत तीनों के विरुद्ध मामला दर्ज कर लिया गया है।

इधर सदर अस्पताल में मेडिकल बोर्ड से शव का पोस्टमार्टम कराया गया। जिसमें डाॅ. अभिषेक, डाॅ. राजेश गुप्ता एवं डाॅ. एके सिंह थे। पाया गया कि उसके सीने के बाएं गोली मारी गई जो दाहिने तरफ से बाहर निकल गई।

आरोपियों से हो रही पूछताछ, घटना स्थल से मृतक की स्कूटी बरामद, हथियार की तलाश

गुरुवार सुबह पांच बजे सुबह रोला के पास एनएच 100 हजारीबाग बगोदर रोड को जाम कर दिया गया, इससे एनएच १०० पर लगी वाहनों की कतार लग गई। घटना स्थल पर हथियार ढूंढती पुलिस।

पुलिस घटना को हर पहलू से देख रही है : एसपी

एसपी अनीश गुप्ता ने कहा कि तेजी से कार्रवाई कर सभी आरोपी को गिरफ्तार कर लेने को लेकर टीम में शामिल सभी को दस हजार रुपए पुरस्कार दिया गया है। इन्होंने सराहनीय काम किया है। अभी तक आरोपी जो बता रहे हैं वह सच है इसमें संदेह है। हथियार बरामद करने की कार्रवाई चल रही है। इनके कई तरह के बयान आ रहे हैं। जब तक स्पष्ट नहीं हो जाता घटना का कारण बता पाना जल्दबाजी होगी। आपसी विवाद, लेन देन, पुराने आपराधिक इतिहास सभी खंगाले जा रहे हैं।

अब तक जो पूछताछ में सामने आया

फैज को छोड़ तीनों जिगरी दोस्त थे। बुधवार को शाम में मनीष यादव ने अपने दोनों दोस्त में राज और मृतक सेराज को अमृतनगर के पीछे के जंगल में फोन कर बुलाया। राज सेराज के साथ स्कूटी से वहां पहुंचा तो देखा कि मनीष मोटरसाइकिल से फैज के साथ पहुंचा हुआ है। मनीष के कहने पर फैज ने राजा को पेटीएम से दो सौ रुपया भी ट्रांसफर किया। फिर आपस में बातें होने लगी। मनीष ने सेराज से कहा कि तुमने दोस्ती में धोखा किया है। इस बात को लेकर विवाद हुआ। तभी मनीष ने गोली मार दी तभी सेराज ने मनीष को कहा कि तुमने अच्छा नहीं किया और जमीन पर गिर गया। मनीष जंगल में हथियार छिपा कर फैज के साथ फरार हो गया। पुलिस कई बिंदुओं पर छानबीन कर रही है। जिसमें धोखा किस तरह का आपस में हुआ। हथियार कहां से लाया। टीम में डीएसपी सहदेव साव, इंस्पेक्टर विजय शंकर सिंह, थाना प्रभारी सुमन कुमार, कोर्रा थाना प्रभारी रमाशंकर मिश्रा इसमें लगे हैं।

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