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पूजा ढांडा ने जिस नाइजीरियाई पहलवान को प्रो रेस्लिंग लीग में दी थी पटखनी, कॉमनवेल्थ में उसी से पिछड़ी

3 वर्ष पहले
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सेक्टर 15 निवासी पहलवान पूजा ढांडा आस्ट्रेलिया में चल रहे कॉमनवेल्थ में आखिरी दो सेकंड में गोल्ड से चूक गईं। उन्होंने सिल्वर मेडल जीता। फाइनल में वह नाइजीरिया की ओडाेनायो से पिछड़ गई। जबकि पिछले साल प्रो रेस्लिंग लीग में पूजा ने ओडोनायो को पटखनी दी थी। पूजा के सिल्वर पदक जीतने पर उनके परिवार और गांव बुडाना में जश्न का माहौल है।

पूर्व जिला खेल अधिकारी सुभाष चंद्र सोनी ने पूजा ढांडा के इस प्रदर्शन के लिए बधाई दी। वहीं खेल निदेशक जगदीप सिंह ने पूजा ढांडा के उम्दा प्रदर्शन पर शुभकामनाएं दीं। पूजा खेल विभाग हिसार में कुश्ती की कोच हैं। उनके पिता अजमेर ढांडा पालन विभाग में जीएलएफ में कार्यरत है। पूजा की मां कमलेश ढांडा गृहिणी हैं। बड़े भाई सुमित ढांडा फायर ऑफिसर हैं।

कॉमनवेल्थ में सिल्वर मेडल विजेता पूजा का दांव चलता तो जीत सकती थी गोल्ड
पूजा का फाइनल तक का सफर
पहली महिला यूथ ओलिंपियन खिताब विजेता
एक जनवरी 1994 में नारनौंद के गांव बुडाना में जन्मी पूजा ढांडा ने वर्ष 2009 में जूडो खेलना शुरू किया था। बाद में दंगल में उतरी। अगले ही वर्ष देश की पहली महिला यूथ ओलिंपियन का खिताब अपने नाम किया। वर्ष 2015 में खेल के दौरान पूजा चोटिल हुई। जिसके कारण डॉक्टरों ने उसे खेलने से रोक दिया। पूजा काे ऑपरेशन करवाना पड़ा। जनवरी 2017 में पूजा ने शानदार वापसी की।

पहले मुकाबले में कनाडा की एमिली को 12-5 से शिकस्त दी।

दूसरे मुकाबले में पूजा ने न्यूजीलैंड की पहलवान को 8-0 से एक तरफा मात दी।

सेमीफाइनल में पूजा का मुकाबला केमरॉन की पहलवान से हुआ। जिसे 9-5 से हराया।

फाइनल के आखिरी पलों में पूजा पिछड़ गई। उसके हाथ सिल्वर पदक।

आठ बरसों में पूजा ने जीते दंगल
2010 में सिंगापुर में यूथ ओलिंपिक में सिल्वर मेडल।

2011 में थाईलैंड में कैडेट एशिया रेस्लिंग चैंपियनशिप में गोल्ड मेडल।

2011 में हंगरी में वर्ल्ड कैडेट रेस्लिंग चैंपियनशिप में सिल्वर मेडल।

2012 में ताशकंद में जूनियर एशिया रेस्लिंग चैंपियनशिप में सिल्वर मेडल।

2013 में साउथ अफ्रीका में कॉमनवेल्थ रेस्लिंग चैंपियनशिप में गोल्ड मेडल।

2014 में सीनियर एशिया रेस्लिंग चैंपियनशिप में ब्रांज मेडल।

2017 में तुर्कमेनिस्तान में एशियन इंडोर एंड मैटेरियलार्टस गेम्स में कांस्य।

2017 में साउथ अफ्रीका में कॉमनवेल्थ रेस्लिंग चैंपियनशिप में गोल्ड मेडल।

2018 में गोल्ड कॉस्ट में कॉमनवेल्थ गेम्स में रजत मेडल।

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