हिसार | लाला लाजपत राय पशु चिकित्सा एवं पशु विज्ञान विश्वविद्यालय किसानों की आमदनी बढ़ाने के लिए कई तरह के प्रशिक्षणों का आयोजन कर रहा है। 15 से 21 मई 2018 डेयरी फार्मिंग प्रशिक्षण का आयोजन किया गया है। इसमें 106 युवक और युवतियों ने हिस्सा लिया। प्रशिक्षण के दौरान पशुपालकों को पशुओं की नस्लें, नवजात शिशुओं की देखभाल, संतुलित पशु आहार एवं खनिज मिश्रित खिलाने का महत्व पशुपालन एवं पशु प्रजनन का लेखा-जोखा, वर्ष भर हरे चारे का उत्पादन एवं दुग्ध उत्पाद बनाने के बारे में जानकारी दी गई। सफल संचालन डॉ. देवेंद्र सिंह व डॉ. सज्जन सिंह द्वारा किया गया।
इस प्रशिक्षण में उत्तम पशुओं का चयन, नस्लों की जानकारी, नस्ल सुधार, पशु आवास प्रबंधन, आहार प्रबंधन, बीमारियों से बचाव, टीकाकरण का महत्व, गर्भकाल में पशुओं की देखभाल, जीवाणु, विषाणु जनित रोग, दुग्ध उत्पादन में अधिक लाभ के विकल्प आदि विषयों पर, भी लाभप्रद जानकारियां दी गईं। समापन समारोह में कार्यक्रम के मुख्य अतिथि डॉ. राजेन्द्र श्योकंद विस्तार शिक्षा निदेशक रहे। पशुओं का बरसात के मौसम में पशुओं का विशेष ध्यान रखें। इस मौसम में कीड़ों व बीमारियों की समस्या अक्सर बढ़ जाती है, इसलिए अपने पशुओं के बाड़ों की साफ-सफाई रखें। किसान भाई अपने पशुओं को मुंह-खुर व गल घोटू का अपने नजदीकी पशु चिकित्सक से परामर्श लेकर टीका लगवाएं।