भारतीय मौसम विभाग ने इस साल का मौसम पूर्वानुमान जारी कर दिया है। इस साल 97 फीसदी बारिश होने की संभावना है। यानी इस साल कृषि और इससे जुड़े उद्योगों के लिए राहतभरी खबर है। निजी संस्था स्काइमेट ने भी मानसून सामान्य रहने की भविष्यवाणी की है। यानी सबकुछ ठीक रहा तो मध्यप्रदेश समेत देश में इस साल सूखा पड़ने के बिल्कुल आसार नहीं है। जून से सितंबर के बीच मानसून के चार महीनों के दौरान 928.29 मिमी बारिश होने की संभावना है। जबकि मध्यप्रदेश की औसत बारिश 957 मिली है।
मौसम विज्ञान केंद्र भोपाल ने प्रदेश में मानसून को लेकर पूर्वानुमान जारी किया है। इसके मुताबिक प्रदेश में मानसून 18 जून या उसके बाद दस्तक देगा। यह पश्चिमी मध्य प्रदेश में अरब सागर की ओर से, जबकि पूर्वी मध्य प्रदेश में बंगाल की खाड़ी से प्रवेश करेगा। भोपाल में इसके 20-22 जून तक पहुंचने के आसार है। वहीं 30 जून तक पूरे राज्य में छा जाने की उम्मीद है।
मध्यप्रदेश में 14 जून को आएगा मानसून, 97 फीसदी बािरश की उम्मीद -मौसम विभाग
जून में सबसे ज्यादा बारिश होगी, अगस्त में सबसे कम
जून और सितंबर में देश में ज्यादातर हिस्सों अच्छी बारिश का पूर्वानुमान है। जुलाई और अगस्त में बारिश कुछ कम रह सकती है लेकिन वह भी सामान्य के आसपास ही होगी। इन चार महीनों के दौरान एलपीए का 96 से 104 फीसदी बारिश होने पर मानसून सामान्य माना जाता है। सीजन के दौरान सामान्य मानसूनी बारिश (एलपीए का 96-104 फीसदी) की अधिकतम संभावना के साथ-साथ सामान्य से कम बारिश होने की कम संभावना है। स्काइमेट के पूर्वानुमानों में 20 फीसदी संभावना तो बारिश सामान्य से भी ज्यादा होने की है। मौसम विभाग के अनुसार 18 जून के आसपास दक्षिणी हिस्से झाबुआ, अलीराजपुर, होशंगाबाद आदि इलाकों से होता हुआ मानसून प्रदेश में दस्तक देगा। विभाग के अनुसार इस बार पूरे प्रदेश में अच्छी बारिश की संभावना है। मप्र औसतन लगभग 1000 से 1100 मिमी तक बारिश हो सकती है।
चार महीने का पूर्वानुमान
माह पश्चिमी पूर्वी प्रतिशत मप्र मप्र में
जून 92.4 101.5 111%
जुलाई 317.0 372.0 97%
अगस्त 322.9 384.5 96%
सितंबर 152.7 225.0 101%
बीते छह सालों का पूर्वानुमान
वर्ष स्काइमेट मौसम वास्तविक
एजेंसी िवभाग बारिश
2012 96 93 92
2013 103 98 106
2014 94 96 88
2015 102 93 86
2016 105 106 97
2017 95 96 95
इसलिए सटिक कह सकते हैं
मौसम विभाग ने पूर्वानुमान जारी करते हुए कहा था कि मानसून की दस्तक के पहले मध्यप्रदेश समेत देशभर में तेज गर्मी रहेगी। प्री-मानसून में तेज गर्मी को बेहतर बारिश के संकेत के तौर पर समझा जाता है। ठीक वैसा ही देशभर में हो रहा है।