भास्कर संवाददाता | होशियारपुर/शाम चौरासी
गांव लम्मा में सात एकड़ जमीन के मालिकाना हक के चलते सोमवार को पोते ने अपने पिता और एक अन्य के साथ मिलकर दादा (सुलक्खन सिंह, 85) और चचेरे भाई (हरमीत सिंह उर्फ मीतू, 35) का बेरहमी से कत्ल कर दिया। आरोपी चाचा (बलबीर सिंह) ने पहले भतीजे को गोली मारी फिर चचेरे भाई (कुलवंत सिंह) ने दातर से गला काट दिया। इसी तरह दोनों ने अपने दादा की भी हत्या की। पुलिस ने मृतक के भाई गुरप्रीत सिंह के बयान के आधार पर तीन लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। थाना बुल्लोवाल के थानाध्यक्ष यादविंदर बरार ने बताया कि दोहरे हत्याकांड के मुख्यारोपियों को गांव कान्ने स्थित उन्हीं के आटा चक्की से हथियारों समेत गिरफ्तार कर लिया गया है। तीसरे आरोपी की तलाश में छापेमारी की जा रही है और वह अदालत से आरोपियों के रिमांड की मांग करेंगे। वहीं, गांव लम्मा के श्मशानघाट में ही दादा और पोते का पोस्टमार्टम के बाद एक साथ ही अंतिम संस्कार कर दिया गया। लोगों ने बताया कि 1993 में बलबीर को दी कुछ जमीन सुलक्खन ने 2 साल पहले उससे वापस लेकर हरमीत को दे दी थी, इसीलिए बलबीर ने हत्या की योजना बनाई।
हत्यारे ओदों तक नईं गए जद तक बापू दे मर जाण दा यकीन नईं होया: रणजीत कौर
ये तस्वीर उस पिता की जिसे
बुढ़ापे की लाठी यानि उसके बेटे ने ही मार डाला
सुलक्खन सिंह
हरमीत सिंह
छोटे भाई गोपी के साथ खेतों से चारा लेने गया था हरमीत
मृतक हरमीत सिंह उर्फ मीतू (35) के छोटे भाई गुरप्रीत सिंह उर्फ गोपी ने बताया कि सुबह 6 बजकर 45 मिनट पर दोनों चारा लेने के लिए निकले थे। अभी 100 कदम की दूरी पर ही पहुंचे थे कि उसी वक्त चाचा बलबीर सिंह अपने बेटे कुलवंत सिंह उर्फ सोनू और एक नकाबपोश अज्ञात उसके पीछे आ गए। चाचा ने लाइसेंसी बंदूक से मीतू पर फायरिंग की जिससे वह मौके पर ही गिर गया और गोपी तू भाग जा...तू भाग जा भाई ... चिल्लाने लगा। गुरप्रीत ने बताया कि वह अपनी जान बचाने के लिए खेत की तरफ भागा। उसने मुड़कर देखा तो कुलवंत दातर से वार रहा था।
गुरप्रीत गोपी
दोनों बेटियां के साथ रणजीत कौर।
खेत से लौटा था सुलक्खन...हरमीत की प|ी रणजीत कौर ने बताया कि बलबीर और कुलवंत हथियार संग घर में घुस आए। बाबू जी (सुलक्खन, 85) थोड़ी देर पहले खेत से घर लौटे ही थे। बलवीर ने पिता सुलक्खन पर गोली चला दी। वह जमीन पर गिर गए। इसके बाद कुलवंत ने दातर से कई वार किए और उसके शरीर को कई जगह से काट डाला। आरोपी वहां से तब तक नहीं हिले जब तक उन्हें तसल्ली नहीं हो गई कि सुलक्खन मर चुका है।
स्कूल जाने के लिए तैयार हो रही थी पड़पोती...हरमीत की दो बेटियां हैं। परमजीत कौर (10) और मनमीत कौर (2.5)। 10 वर्षीय बड़ी बेटी परमजीत कौर पांचवीं में पढ़ती है। सोमवार को उसका कम्प्यूटर का एग्जाम था। वह स्कूल जाने के लिए तैयार हो रही थी तभी आरोपी उनके घर में घुस आए और उसके बाबा की हत्या कर दी। आरोपियों ने इस दौरान घर में मौजूद एक कुत्ते को भी काट डाला। जबकि दूसरे कुत्ते को हरमीत की हत्याके दौरान डंडे से घायल किया था।