शिरोमणि अकाली दल के संरक्षक पूर्व मुख्यमंत्री परकाश सिंह बादल और प्रधान सुखबीर सिंह बादल समेत एक दर्जन अकाली नेताओं के विरुद्ध धोखाधड़ी, जालसाजी करने संबंधी मामले में कोर्ट के आदेश पर वीरबार को पार्टी के सचिव चरनजीत सिंह बराड़ होशियारपुर की सीजेएम गुरशेर सिंह की कोर्ट में रिकॉर्ड लेकर पेश हुए। इस मौके सोशलिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया की तरफ से एडवोकेट बीएस रियाड़ और हितेशपुरी पार्टी कार्रवाई रजिस्टर लेकर पेश हुए। आधा घंटा बहस के बाद कोर्ट ने 9 जुलाई 2018 को अधूरे रिकॉर्ड को पूरा लेकर पेश होने की डेट डाली है।
इस मौके सोशलिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया के प्रधान बलवंत सिंह खेड़ा, ओम सिंह सटियाणा, बलवीर सिंह, साधू राम, हुक्म चंद सोनकर, बलबीर सिंह , धर्मपाल, इंदर सिंह और जगदीश कुमार ने बताया कि अधूरा रिकॉर्ड लेकर अदालत आने से साफ है कि पार्टी ने रिकॉर्ड में बड़ा फ्रॉड किया है।
उन्होंने बताया कि इस पार्टी ने जाली दस्तावेज पेश करके चुनाव कमिशन से मान्यता के लिए हलफनामा दिया था कि यह पार्टी अब धर्म निरपेक्ष हो गई है जबकि इसके पुराने प्रकाशित संविधान के अनुसार केवल सिख पुरुष और महिलाएं ही इसके सदस्य हो सकते थे।
शिअद सरपरस्त व प्रधान पर जालसाजी का मामला