डीसी विपुल उज्ज्वल ने कहा कि सरकारी अस्पताल होशियारपुर में चल रहे नशा मुक्ति केंद्र में रोजाना 50 नए-पुराने मरीजों की ओपीडी कर दवाई मुफ्त दी जाती है। जिला ड्रग डी-एडिक्शन सोसायटी भी मरीजों को प्रत्येक सहूलियत देती है। उन्होंने अपील की कि नशा करने वाले नौजवानों से घृणा वाला रवैया न अपनाकर सरकार की ओर से खोले नशा मुक्ति, पुनर्वास केंद्र तथा ओओएटी क्लीनिकों में इलाज करवा कर नौजवानों को दोबारा पैरों पर खड़ा किया जाए। इस मौके पर सिविल सर्जन डॉ. रेणु सूद, डिप्टी मेडिकल कमिश्नर डॉ. सतपाल सिंह गोजरा, मनोरोग माहिर डॉ. राज कुमार, मेडिकल अफसर डॉ. गुरविंदर सिंह, प्रबंधक निशा रानी, काउंसलर संदीप कुमारी, डॉ. सुरभि ठाकुर, विक्रमजीत सिंह, प्रशांत आदिया, सरिता, रंजीव कुमारी, जसवीर सिंह, रजनी मौजूद थे।