इसराना, कला किसी भी इंसान को अपनी ओर आकर्षित करती है। कला के प्रति प्रेम भाव रखने वाले दूरियों को महत्त्व नहीं देते। इन्हीं बातों को चरितार्थ करते हुए पंचकूला के डिप्टी डीईओ ईश्वर सिंह मान, बीईओ मोरनी डॉक्टर महासिंह सिंधु व राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय टिक्करताल जिला पंचकूला प्राचार्य अनिल दलाल ने राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय इसराना का दौरा कर कला को नजदीक से देखा।
इस दौरान डिप्टी डीईओ ईश्वर सिंह मान ने बताया कि कई बार फेसबुक के माध्यम से कला अध्यापक प्रदीप मलिक के कार्यों एवं प्रयासों को देखा था। किसी सरकारी स्कूल के अध्यापक द्वारा लीक से हटकर किया गया कार्य सच में गौरवांवित करता है। उन्होंने कला अध्यापक प्रदीप मलिक के अथक प्रयासों की सराहना की। बीईओ मोरनी डॉक्टर महा सिंह सिंधु ने कला अध्यापक प्रदीप मलिक की पीठ थपथपाते हुए कहा कि जब मन में किसी काम को करने की ठान ली जाए तो कोई भी विषम परिस्थिति भी रुकावट नहीं डाल सकती।
उन्होंने प्रदीप मलिक द्वारा बनाई गई आकर्षक शिक्षा शताब्दी शैक्षणिक रेल, कैरियर ट्री, वर्ली पेंटिंग, ज्यामितिक आकृतियां, जागरूकता पेंटिंग, सुंदर बॉर्डर, स्वच्छता संदेश देती पेंटिंग, प्राकृतिक दृश्य, विज्ञान, इंजीनियरिंग व प्रौद्योगिकी को दर्शाती पेंटिंग को बारिकी से देखा। इसके साथ ही छात्रों के लिए बनाए गए मनोहर कला कक्ष का भी अवलोकन किया।
प्राचार्य अनिल दलाल ने बताया कि शिक्षा शताब्दी के माध्यम से शिक्षा का कारगर संदेश देकर विद्यालय ने हरियाणा प्रदेश में ही नहीं अपितु भारतवर्ष में अपनी अलग पहचान बनाई है। यह मलिक की दूरगामी सोच से ही संभव हो पाया है। छुट्टी के बाद या छुट्टी के दिन भी वह स्कूल में समर्पित भाव से काम करते हैं।
पंचकूला शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने इसराना स्कूल का भ्रमण कर देखी टीचर की बनाई पेंटिंग
इसराना के राजकीय स्कूल का निरीक्षण करते डिप्टी डीईओ ईश्वर सिंह मान।