न्यास कॉलोनी के समरसता नगर के रहवासियों को कानून के पालन और अधिकार के प्रति जागरूक करने शुक्रवार को विधिक सहायता शिविर नव अभ्युदय संस्था के सहयोग से लगाया गया। विधिक सेवा प्राधिकरण के पदाधिकारियों ने जनता की समस्याएं सुनने के बाद हर संभव मदद दिलवाने का भरोसा दिलाया। न्यायाधीशों ने कहा कि हम फिर जल्दी वापस आएंगे और देखेंगे कि आप लोगों ने क्या बदलाव अपनी जिंदगी में लाए। उन्होंने कहा कि सरकार ने जो योजनाएं बनाई हैं लेकिन उसका सही इस्तेमाल करें न कि उनके कारण से अपने आपको पंगु बना लें। खुद सक्षम बने और अपने बलबूते पर आगे बढ़ें।
अपर जिला न्यायाधीश एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव दिनेश कुमार मिश्रा ने पन्नी बीनने वाले बस्ती के सभी बच्चों को आवासीय विद्यालय में भेजने को कहा ताकि वे इस माहौल से निकल कर एक अच्छी शुरुआत कर सकें और बाकी बच्चों को देखकर पढ़ाई के प्रति गंभीर हो सकें।
समरसता नगर में पन्नी बीनने वाले ओझा परिवारों को विधिक सहायता शिविर में दी समझाइश
इटारसी. विधिक सहायता शिविर में न्यायाधीश गण।
परिवारों का ब्योरा मांगा : जिला विधिक सहायता अधिकारी सनातन सेन ने सभी परिवारों का ब्योरा देने को कहा। संस्था अध्यक्ष सुमन सिंह ने न्यायाधीशों को झुग्गी बस्ती से समरसता नगर में बसाए गए ओझा परिवारों की स्थिति व समस्याओं से अवगत कराया। ये लोग कचरे के ढेर से पन्नी बीनकर जीवन-यापन करते हैं। बच्चे साफ-सुथरे नहीं रहते।
नाबालिग की शादी करना है जुर्म
अपर न्यायाधीश एवं तहसील विधिक सेवा समिति इटारसी के अध्यक्ष दीपक बंसल ने समुदाय को यह समझाइश दी कि सबसे पहले कहीं न कहीं कानून का उल्लंघन करते आ रहे हैं उसे रोकें। लड़कियों की शादी 18 साल से कम उम्र में न करें। बच्चों को अच्छे संस्कार दें, उनको स्कूल भेजें ताकि वे भविष्य में कुछ और अच्छा काम करके अपने परिवार की स्थिति बेहतर बना सकें।