जगदलपुर | भानपुरी - चित्रकोट मुख्य मार्ग से नारंगी नदी तक सड़क प्रस्तावित होने के बाद भी सालों से सड़क नहीं बनने से नाराज आमाबाल में रहने वाले रघुनाथ ने चार दिनों पहले सड़क निर्माण के लिए आमरण अनशन की शुरूआत की थी लेकिन उनके आमरण अनशन को एक दिन पहले प्रशासनिक अफसरों ने जबरन खत्म करवा दिया है। युवक कांग्रेस के साकेत शुक्ला गुरुवार को आमाबाल पहुंचे थे। यहां उन्होंने रघुनाथ से मुलाकात की। इसके बाद उन्होंने आरोप लगाया कि रघु को एक दिन पहले जबरन हास्पिटल में भर्ती करवाकर उसका अनशन खत्म करवाया गया है। उन्होंने कहा कि प्रशासन ने रघु का अनशन तो खत्म करवा दिया है लेकिन उसके सड़क के जज्बे को खत्म नहीं करवा पाया है। उन्होंने कहा कि इलाके में सड़क निर्माण के लिए अब रघुनाथ के साथ युवक कांग्रेस भी संघर्ष करेगी।
गौरतलब है कि जिस सड़क के लिए रघुनाथ ने अनशन किया है उस सड़क के निर्माण के लिए ग्रामीण आठ साल से अफसरों के चक्कर लगा रहे हैं। वर्ष 2017 में जब रघुनाथ ने अनशन किया था तब प्रशासनिक अफसरों ने लिखित में उसे बारिश के बाद सड़क बनाने का काम शुरू करने का आश्वासन दिया था। इस साल मई तक सड़क निर्माण शुरू नहीं हुआ तो वह फिर से अनशन में बैठ गया था।