डिमरापाल स्थित नए मेडिकल कॉलेज कैंपस में स्थित नए हास्पिटल में सोमवार से मरीजों का इलाज शुरू होना था लेकिन स्टाफ नर्सों की हड़ताल के चलते यहां नई शुरूआत पर फिलहाल ब्रेक लगा दिया गया है। अब जब तक स्टाफ नर्सें हड़ताल से वापस नहीं आ जाती हैं तब तक नए हास्पिटल में इलाज की शुरूआत नहीं हो पाएगी फिलहाल मरीजों के इलाज की व्यवस्था महारानी हास्पिटल में ही पहले की तरह जारी रहेगी।
मिली जानकारी के अनुसार सोमवार से नए हास्पिटल बिल्डिंग में इलाज की तैयारी मेकाज प्रबंधन ने कर ली थी लेकिन यहां के ज्यादातर वार्डों में सामान जमाने से लेकर अन्य काम जिन सीनियर स्टाफ नर्सों ने किया था वे हड़ताल पर चली गई हैं। चूंकि नए सेटअप की पूरी जानकारी सीनियर स्टाफ नर्सों के पास है अौर वार्डों में मरीजों के इलाज में इनकी महत्वपूर्ण भूमिका है। ऐसे में इनके गैरहाजिरी में हास्पिटल शुरू करने में कई परेशानियां सामने आ रही थीं।
स्थानीय प्रबंधन का कहना है कि एक बार यहां इलाज शुरू होने के बाद वे मरीजों को बेहतर से बेहतर सुविधा देना चाह रहे हैं लेकिन यह स्टाफ नर्सों के बिना संभव नहीं है। ऐसे में इलाज की शुरूआत को अभी रोक दिया गया है। हास्पिटल अधीक्षक अविनाश मेश्राम ने बताया कि अभी इलाज की शुरूआत को अस्थायी तौर पर रोक दिया गया है।
जगदलपुर। मेडिकल कॉलेज की नई बिल्डिंग, जिसमें इलाज शुरू होने का लोगों को इंतजार है।
डीएमई से सीधे निर्देश मांगे इसके बाद निर्णय
बताया जा रहा है कि रविवार को हास्पिटल अधीक्षक अविनाश मेश्राम ने पहले नए हास्पिटल परिसर का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने पाया कि स्टाफ नर्सों के बिना व्यवस्था संचालित करना टेड़ी खीर साबित होगी। इसके बाद उन्होंने मौके से ही पूरी जानकारी डीएमई को दी। डीएमई से मिले निर्देशों के बाद इलाज की शुरूआत को नर्सों की हड़ताल खत्म होने तक टालने का निर्णय लिया गया है।
सिटी स्कैन की सुविधा नई बिल्डिंग में भी नहीं
इधर मरीजों को सिटी स्केन की सुविधा नए हास्पिटल में भी नहीं मिल पाएगी दरअसल अभी नई मशीन के लिए टेंडर प्रक्रिया पूरी की गई है। ऐसे में मशीन के हास्पिटल पहुंचने तक और एक से दो महीनों का समय लगेगा फिलहाल मरीजों को यहां एक्सरे की सुविधा ही मिल पाएगी। गौरतलब है कि पिछले दो सालों से मरीजों को मेकाज में सिटी स्केन की सुविधा नहीं मिल पा रही है। लोगों को उम्मीद थी कि नए भवन में शिफ्टिंग के साथ ही सिटी स्केन की सुविधा भी मिलने लगेगी लेकिन टेंडर प्रक्रिया अटकने के कारण ऐसा नहीं हो पाया।