सांसारिक ज्ञान से अंहकार ही बढ़ता है : साध्वी अंबालिका
दिव्य ज्योति जाग्रति संस्थान द्वारा जलालाबाद स्थित आश्रम में आशुतोष महाराज की शिष्य साध्वी अंबालिका भारती ने बताया के हम संसार की कितनी भी ऊंची विद्या प्राप्त कर लें, वो बहुत ही आसानी से प्राप्त की जा सकती है, लेकिन संसार की ऊंची से ऊंची विद्या हमारे अंदर के द्वेष भाव को खत्म नहीं कर सकती। संसार की विद्या से तो केवल हमारे अंदर अहंकार ही पैदा हो सकता है। सांसारिक विद्या से आज हम बड़ों का आदर सम्मान, छोटों से प्यार भूलते जा रहे हैं। आज हम हमारी संस्कृति भूल चुके हैं, अपने संत महापुरुषों द्वारा दिए गए उपदेशों को भी भूल चुके हैं। आज समाज सच्च झूठ को नहीं पहचान रहा। संत महापुरुष समय-समय पर इस संसार में आकर समाज को दिव्य नेत्र देते हैं जिससे इस शरीर रूपी घर मे विद्यमान ज्योति स्वरूप ईश्वर का साक्षात्कार करने के बाद हमारी विवेक जाग्रति होती है। जिससे हम समाज सेवा भी कर पाते हैं और सही गलत की पहचान भी कर पाते हैं।
प्रवचन करतीं साध्वी।