महासमागम के अंतिम दिन ब्रह्मर्षि कुमार स्वामी ने भक्तों को दुख निवारण के लिए दिए ‘बीज मंत्र’
जालंधर | दो दिवसीय प्रभु कृपा अद्भुत दिख निवारण 518वें महासमागम के अंतिम दिन ब्रह्मर्षि कुमार स्वामी ने भक्तों को दुखों के निवारण और जीवन में खुशहाली हो इसके लिए बीजमंत्र दिए। भक्तों को बीज मंत्र देने का यह क्रम सोमवार सुबह तड़कसार तक चलता रहा। उन्होंने कहा कि शास्त्रोक्त विधि से जीवन में आने वाले सभी दुख, कष्टों का समाधान किया जा सकता है। उन्हें दूर करने के लिए ही यहां आया हूं। दिव्य पाठ की शक्तियों का लाभ विश्व भर में लोग उठा रहे हैं। प्रभु कृपा का यह आलोक इतना शक्तिशाली है कि कल्पना भी नहीं की जा सकती है। आदि अनादि काल से अंधेरे और प्रकाश का जो लोक है वो अलग-अलग लोक है। सनातन मर्यादा के इस अालोक में किसी भी संकट का समाधान संभव है। महज 10-15 मिनट निरंतर पाठ करने से इंसान का जीवन हर प्रकार के रोगों, कष्टों और बाधाओं से मुक्ति पाई जा सकती है। समागम में हजारों की तादाद में भक्त दर्शन व बीज मंत्र लेने के लिए पहुंचे।