दिव्य ज्योति जागृति संस्थान की ओर से अमृतसर बाईपास रोड स्थित विधिपुर आश्रम में सत्संग में साध्वी उर्मिला भारती ने कहा जो अपने बड़े बुजुर्गों का सम्मान करता है, उनकी आज्ञाओं का पालन करने वालों निश्चित ही स्वर्ग मिलता है।
इसके विपरीत आचरण करने वालों को घोर नरक की यातना सहन करनी पड़ती है। भोजन तो हम जानवरों को भी खिलाते है। उन्हें पालते हैं, उनकी देखरेख करते हैं। इसलिए वृद्ध माता पिता को भोजन देना, उन्हें आश्रय देना ही पर्याप्त नहीं है। इंसानियत तो तब प्रमाणित होती है, जब यही कार्य उन्हें पूरी इज्जत और मान सम्मान देते हुए किया जाए। इसलिए जब तक प्रेम, सद्भावना, आत्मीयता जैसे गुण भीतर उजागर नहीं हो जाते तब तक समस्या का हल नहीं हो सकता। जब व्यक्ति धर्म को धारण कर ले। यहां धर्म से अभिप्राय किसी बाहरी क्रिया कलाप अथवा रीति रिवाजों से नही है।
दिव्य ज्योति जागृति संस्थान के जालंधर और शाहकोट आश्रम में सत्संग के दौरान साध्वी ने भक्तों को दिए आशीर्वचन
धर्म का असली अर्थ है- धारण करना : धर्म का असली अर्थ है- धारण करना, उस ईश्वर को उस आत्मतत्व को जो संपूर्ण गुणों का स्त्रोत है। जब एक व्यक्ति आत्मिक स्तर पर जागृत हो जाएगा तब वृद्धों के लिए किसी वृद्धाश्रम की कोई जरूरत नही होगी। उनकी संतानें उन पर लाठी नहीं बरसाएगी, बल्कि अपनी जिम्मेदारी का अहसास करते हुए उनके बुढ़ापे की लाठी बनने की भूमिका बखूबी निभाएंगी।
बुजुर्गों की आज्ञा का पालन करने वालों को निश्चित ही मिलता है स्वर्ग
साध्वी उर्मिला भारती
आज बच्चों को दी जा रही शिक्षा उन्हें बना रही स्वार्थी : साध्वी प्रीत भारती
शाहकोट | दिव्य ज्योति जागृति संस्थान शाहकोट आश्रम में साप्ताहिक सत्संग प्रोग्राम करवाया गया । इस मौके पर साध्वी प्रीत भारती ने कहा कि आज समाज में हर तरह धर्म फैल चुका है हर इंसान समाज और देश की बजाए केवल अपना स्वार्थ ही सोच रहा है आज जो शिक्षा हमारे बच्चों को मिल रही है इससे बच्चे स्वार्थी बनते जा रहे हैं हर इंसान अपने सभ्याचार अपनी संस्कृति से दूर होता जा रहा है सोशल मीडिया आज इंसान पर हावी हो चुका है हमारे देश का आने वाला भविष्य छोटे-छोटे बच्चे सोशल मीडिया का शिकार बन रहे हैं जो भी वह सोशल मीडिया पर देखते हैं उन पर उसका बुरा प्रभाव पड़ रहा है उन्होंने कहा कि हमें हमें अपने भविष्य की चिंता करते हुए अपनी आने वाली पीढ़ियों के अच्छे भविष्य के लिए आगे आने की जरूरत है स्वार्थी भावना का त्याग करते हुए समाज कल्याण के काम में बढ़ चढ़कर भाग लेना चाहिए उन्होंने कहा कि दिव्य ज्योति जागृति संस्थान की तरफ से नसों के खिलाफ नारी शक्ति कन्या भ्रूण हत्या को रोकने के लिए कई तरह के समाज कल्याण कार्य किए जा रहे हैं इसके अलावा सत्संग प्रोग्राम का आयोजन किया जा रहा है उन्होंने बताया कि आज हर इंसान की नैतिक तौर पर जिम्मेदारी बनती है कि वह खुद आकर आकर समाज कल्याण के कार्यों में सहयोग करें अंत में साध्वी दीपिका भारती ने भजन गायन कर भक्तों को मंत्रमुग्ध किया।
साध्वी ने कहा, जब व्यक्ति आत्मिक स्तर पर जागृत हो जाएगा तब वृद्धों के लिए किसी वृद्धाश्रम की जरूरत नही होगी।