पाली। प्राइमरी व मिडिल स्कूल नवापारा कर्रा में बच्चे मध्याह्न भोजन के बाद फिल्म का भी मजा लेते हैं। सूखाग्रस्त पाली ब्लाक में गर्मी की छुट्टी में भी बच्चों को मध्याह्न भोजन दिया जा रहा है। रोज सुबह बच्चे भोजन के लिए स्कूल पहुंचते हैं। शिक्षक दिलकेश मधुकर ने बताया कि बच्चों को शिक्षाप्रद बाल फिल्म का प्रदर्शन कराया जा रहा है। जिसमें नील बंटे सन्नाटा, विद्या कसम, किशन का उड़नखटोला, स्कूल बैग, तारे जमीन पर, चाक एवं डस्टर फिल्म शामिल हैं। नील बंटे सन्नाटा एक मां के संघर्ष की कहानी है। दूसरे के घरों में काम कर अपनी बेटी को बड़ा अफसर बनाना चाहती है। मां एक दिन बेटी से पूछती है कि तु क्या बनना चाहती है, बेटी जवाब देती है डॉक्टर का बेटा डॉक्टर तो बाई की बेटी बाई ही बनेगी। इस भ्रम को दूर करने के लिए मां बेटी की क्लास में एडमिशन ले लेती हैं। दोनों के बीच प्रतिस्पर्धा होती है। इसमें नोकझोक भी देखने को मिलती है। बेटी मां का उद्देश्य समझ जाती है और खूब पढ़ाई करते हुए आईएएस की परीक्षा उत्तीर्ण कर लेती है।