जो दुष्कर्म के आरोपी का केस लड़ेगा, उसका होगा बहिष्कार
बर्मामाइंस की मासूम नैना को न्याय दिलाने के लिए अब फेसबुक पर बहस शुरू हो गई है। यह बहस आम लोगों में नहीं, बल्कि जमशेदपुर बार एसोसिएशन के अधिवक्ताओं के बीच चल रही है। फेसबुक पर इस मामले में आरोपी का केस नहीं लड़ने की अपील की गई है।
अधिवक्ता रवि त्रिपाठी ने जमशेदपुर बार एसोसिएशन के संयुक्त सचिव संजीव रंजन बरियार के फेसबुक वाॅल पर ऐसा ही कमेंट पोस्ट किया है। रवि त्रिपाठी ने बर्मामांइस के हरिजन दास बस्ती में पिछले दिनों चार वर्षीय नैना दास के साथ दुष्कर्म कर हत्या करने के मामले में गिरफ्तार ममेरे भाई विक्रम दास का केस किसी भी अधिवक्ता को नहीं लेने की अपील की गई है। इस पोस्ट पर अधिवक्ताओं के बीच खूब चर्चा हो रही है।
सभी अधिवक्ता इस बात की वकालत कर रहे हैं कि कोई केस न लड़े। समाज से विकृति को मिटाने और ऐसे दोषियों पर कार्रवाई के लिए इसे जरूरी बताया गया है। मासूम नैना का हत्यारा तो पकड़ा गया, लेकिन उसके परिवार को न्याय तब मिलेगा तब दोषी को सजा मिल जाए। दोषी ने पुलिस के समक्ष अपना अपराध स्वीकार कर लिया है। लेकिन कई बड़े अपराधी इसलिए मुक्त हो जाते हैं क्योंकि कोई न कोई अधिवक्ता उसके केस की पैरवी करता है। फेसबुक पोस्ट में लिखा गया है- जो भी अधिवक्ता साथी अपराधी की ओर से लड़ेगा, उसका सभी मिलकर बहिष्कार करेंे।