टाटा ब्लूस्कोप के मुनाफा में आने के बाद वेज का दबाव
टाटा ब्लूस्कोप में एक अप्रैल से वेज रिवीजन लंबित हो चुका है। ब्लूस्कोप अब मुनाफा करने वाली कंपनी बन चुकी है। टाटा ब्लूस्कोप की यूनियन इसी आधार पर बेहतर वेज रिवीजन के लिए प्रबंधन पर दबाव बना रही है। वेज रिवीजन की चार दौर की वार्ता में यूनियन ने अपनी सोच से प्रबंधन को अवगत करा दिया है।
टाटा स्टील और ब्लूस्कोप के साझा उद्यम टाटा ब्लूस्कोप में वेज रिवीजन के लिए यूनियन की ओर से दिसंबर में चार्टर ऑफ डिमांड भेजा गया है। इसमें 45 बिंदुओं पर प्रबंधन को विचार करने का अनुरोध किया गया है। मगर प्रबंधन अभी तक इस मसले पर कुछ ठोस बात करने से परहेज करता रहा है। टाटा ब्लूस्कोप में 108 कर्मचारी यूनियन सदस्य की श्रेणी में हैं।
ग्रेड रिवीजन पर प्रबंधन से वार्ता के लिए यूनियन की ओर से पांच सदस्यीय कोर कमेटी बनाई गई है। इसमें यूनियन उपाध्यक्ष अभिषेक श्रीवास्तव, सचिव संजय सिंह, संगठन सचिव हुसैन कादिर, कोषाध्यक्ष अभिजीत व यूनियन अध्यक्ष के सलाहकार रवि उपाध्याय शामिल हैं। प्रबंधन की ओर से एचआर हेड अभिषेक त्रिपाठी व निशिकांत यूनियन प्रतिनिधियों से वार्ता कर रहे हैं।