10 दिन पहले एमजीएम अस्पताल से टीएमएच रेफर महिला की मौत
एमजीएम अस्पताल से 10 दिन पहले रेफर होकर टीएमएच में इलाज करा रही महिला की सोमवार रात मौत हो गई। मंगलवार को मिशन मोदी अगेन पीएम के नेताओं ने एमजीएम अस्पताल में हंगामा किया। मात्र सात घंटे तक एमजीएम में हुए इलाज के लिए नेताओं ने अस्पताल के गायनिक विभाग से लेकर अधीक्षक चैंबर तक डाॅक्टर व कर्मचारियों पर लापरवाही का आरोप लगाया।
भिलाई पहाड़ी निवासी हिमांशु सिंह ने बताया 4 मई को वे अपनी गर्भवती प|ी निरुपम सिंह को जुगसलाई प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ले गए। जहां डाॅक्टरों ने देर शाम तक रखने के बाद कहा-बच्चा फंस गया है। आॅपरेशन करना होगा। टीएमएच रेफर कर दिया। 5 मई को एमजीएम पहुंचा जहां डाॅक्टरों ने गंभीर स्थिति की बात कहकर तुरंत आॅपरेशन कर बच्चा को निकाल दिया। लड़की हुई जिसे अस्पताल के निकू में एडमिट कर दिया। लेकिन निरुपम की स्थिति गंभीर होने की बात कहकर उसे टीएमएच रेफर कर दिया। जहां सीसीयू में उसका इलाज चल रहा था। खून की कमी और अन्य कारणों से सोमवार देर रात मौत हो गई। हिमांशु के साथ संस्था की मीरा शर्मा, लक्खी सिंह,विप्लव मल्लिक, गुरुप्रीत सिंह आदि शामिल थे।
एमजीएम में हंगामा करते लोग।