सेंट्रल गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के प्रधान पद के चुनाव को लेकर वोटरलिस्ट में उत्पन्न विवाद लगभग समाप्त हो चुका है। रविवार शाम तक चुनाव की अटकलों के बीच दोनों गुटों में यह समझौता हुआ है। वोटरलिस्ट को लेकर हुए समझौते के बाद चुनाव संयोजक दलजीत सिंह दल्ली ने अपनी वोटरलिस्ट उन्हें दे दी है। जिला प्रशासन के पदाधिकारियों को दोनों उम्मीदवारों ने भी उपरोक्त वोटरलिस्ट में चुनाव कराने पर सहमति दे दी है।
खबरों के मुताबिक सोमवार की सुबह साढ़े 10 बजे दोनों उम्मीदवार क्रमश: गुरमुख सिंह मुखे और हरमिंदर सिंह मिंदी को एसडीओ माधवी मिश्रा ने तलब किया है। सबकुछ ठीक रहा तो वोटरलिस्ट के विवाद का पटाक्षेप हो जाएगा, जिसके बाद चुनाव संयोजक प्रक्रिया को आगे बढ़ाएंगे और मतदान की तारीख की घोषणा करेंगे। विवाद को खत्म करने के लिए जद्दोजद्द के बाद प्रधान का चुनाव कराने के लिए संयोजक चुना गया। उस वक्त 150 मतदाताओं की वोटरलिस्ट पर दोनों उम्मीदवारों ने हस्ताक्षर किए जो कि हरनेक सिंह और इंदरजीत सिंह द्वारा तैयार की गई थी। चुनाव के पूर्व ही रातों-रात सीतारामडेरा की वोटों पर बवाल हो गया। उसके बाद 147 मतदाता सूची पर चुनाव हुआ था। इधर, भी 147 पर चुनाव कराने की जिच चल रही थी जबकि चुनाव संयोजक ने जेम्को व सिख स्त्री सत्संग सभा की दो वोट लिस्ट में जोड़ दी थी। इसी को हटाने का विरोध था। अब चूंकि सीजीपीसी चुनाव का मामला गहराता जा रहा है तो ऐसे में एक पक्ष ने झुकना ही समझदारी समझी। सीतारामडेरा की तीन वोट को लिस्ट में शामिल करने की हामी भर दी।
सीजीपीसी
विवाद सुलझाने आगे आएं युवा, प्रधान पद के उम्मीदवारों के साथ की बैठक
इधर, सीजीपीसी के विवाद की हलचल में रविवार को सिख समाज के युवा एकजुट होकर साकची पहुंचे। यहां उन्होंने चुनाव कन्वेनर दलजीत सिंह दल्ली, इंदरजीत सिंह, दोनों उम्मीदवारों के साथ अलग-अलग बैठक कर अपने विचारों से अवगत कराया। इससे पूर्व 19 मई को साकची के मैदान में इसी संदर्भ में बैठक हुई थी। युवाओं ने कहा कि समाज की काफी बदनामी हो रही है। ऐसे में 11 सदस्यी कमेटी सीजीपीसी को संचालित करे जो कि एक साल में विवाद समाप्त कराकर चुनाव कराए। इस 11 सदस्यीय टीम में कोई प्रधान नहीं होगा सभी सेवादार होंगे। चुनाव संयोजक ने बताया कि उनकी मांग सुनी गई है। समाज को अच्छी दिशा देने के लिए जो भी उचित फैसला होगा लिया जाएगा। मालूम हो कि इस संस्था में अधिकतर युवा एक गुट विशेष के ही थे।
बैठक में उपस्थित सिख समाज के लोग।