एमजीएम समेत प्रदेश के तीनों मेडिकल कॉलेजों व सदर अस्पतालों में ई-औषधि पोर्टल सेवा एक जून से शुरू होगी। इसका मकसद मरीजों व उनके परिजनों को अस्पताल में दवा की उपलब्धता बतानी है। पोर्टल का संचालन झारखंड मेडिकल इंफ्रास्ट्रक्चर कॉरपोरेशन निगम लिमिटेड करेगा। जून से खासमहल सदर अस्पताल समेत जिले के सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र व सीएचसी में दवा की मांग और उपलब्धता की ऑनलाइन मॉनिटरिंग होगी। पहले चरण में यह सेवा एमजीएम समेत प्रदेश के तीनों मेडिकल कॉलेज व सदर अस्पताल में मिलेगी। राज्य व जिलास्तरीय अधिकारी पोर्टल के माध्यम से दवा की निगरानी करेंगे। फिलहाल अस्पतालों में दवा रहने के बाद भी ऑर्डर कर दिया जाता है, लेकिन अब ई-औषधि पोर्टल से इस पर लगाम लगेगी। सॉफ्टवेयर के जरिए माइक्रो लेवल पर दवाओं की खपत तथा स्टॉक की जानकारी आसानी से प्राप्त हो जाएगी।
इस तरह काम करेगा सॉफ्टवेयर
स्टोर में जैसे ही दवा की सप्लाई होगी साॅफ्टवेयर में स्वत: उसकी इंट्री हो जाएगी। डॉक्टर मरीज को एक पर्ची देंगे, जिसमें दवा का नाम और ओपीडी नंबर रहेगा। कर्मचारी द्वारा दवा की इंट्री करने के साथ ही मेन स्टाॅक से उतनी दवा कम हो जाएगी। इस तरह कितनी दवा है इसकी ऑनलाइन जानकारी विभाग को मिलेगी।