पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • National
  • जिले को चाहिए Rs.200 करोड़ लेकिन मिला 18 करोड़, इसलिए हो रहा संकट

जिले को चाहिए Rs.200 करोड़ लेकिन मिला 18 करोड़, इसलिए हो रहा संकट

3 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
जामताड़ा के बैंकों में करेंसी नहीं पहुंच रही है। यह स्थिति मार्च 2018 से है। जिसका असर हर ओर दिख रहा है। जिले के सभी एटीएम बंद हैं जो खुले हैं वहां नेटवर्क फेल लिखा बोर्ड झूल रहा है। अलबत्ता जिले के करमाटांड़ और नारायणपुर क्षेत्र में बेहतर नेटवर्क मिल रहा है। जहां बेखौफ हो साइबर अपराधी देश भर के आम और खास लोगों का धन उड़ाने में मसगूल हैं।

आलम यह है कि स्टेट बैंक जो जिले का करेंसी चेस्ट है। जहां से जिले भर के बैंक को रुपए भेजे जाते है। वहां से 200 करोड़ के लिए आरबीआई को मार्च में इंडेंड किया गया। जहां से मात्र 18 करोड़ रुपए चेस्ट बैंक को मिले हैं। अप्रैल में भी 200 करोड़ का इंडेड किया गया है। जिस पर आरबीआई से अभी तक कोई निर्देश नहीं मिला है। लिहाजा जिले भर के लोग परेशान है। कैशलेश की खराब स्थिति से परेशानी और बढ़ी हुई है। दवा तक खरीदना चुनौती बना हुआ है। वहीं मिठाई और आदी, लहसुन दुकान से ग्राहक गायब हो गए है। इस संबंध में स्थानीय विधायक इरफान अंसारी ने सरकार को कटघड़े में खड़ा किया है। वहीं शादी-विवाह और परीक्षा के मौसम में आरजक स्थिति पैदा होने की आशंका व्यक्त की है। विधायक डॉ. इरफान अंसारी बुधवार काे मेंझिया के वनांचल बैंक पहुंचे। जहां काफी संख्या में लोग पैसे निकालने के लिए कतार में खड़े हाेकर इंतजार कर रहे थे। परंतु बैंक अधिकारी कैश नहीं होने की बात कहकर पल्ला झाड़ रहे थे। नोट की किल्लत ने एक बार फिर नोट बंदी के वे दिन याद दिला दी जब मोदी ने देश की जनता को लाइन में खड़ा कर दिया। ऐसे समय जब देश की बैंकिंग व्यवस्था को लेकर पहले से ही कई तरह के सवाल उठ रहे हैं, तब ऐसा नकदी संकट होना लाजमी है।

बैंक ग्राहकों से पूछताछ करते विधायक इरफान अंसारी।

विधायक ने बैंक एजीएम से की बात

मौके पर पहुंचे विधायक ने बैंक के एजीएम से बात कर कैश अविलंब उपलब्ध कराने की बात कही। उन्होंने कहा भाजपा सरकार ने आनन-फानन में जो निर्णय लिया है उसी का नतीजा है कि आज आम जनता परेशान है। गरीब जनता में भारी आक्रोश है। पेंशन का पैसा निकालने के लिए जनता त्राहिमाम कर रही है। शादी ब्याह तो छोड़िए लोगों के पास रोजमर्रा के लिए पैसे नहीं है। उन्होंने वनांचल ग्रामीण बैंक के मैनेजर सोमा कुमारी से मिलकर अविलंब कैश उपलब्ध कराकर गरीब जनता को विधवा पेंशन, वृद्धा पेंशन देने का निर्देश दिया। शाखा प्रबंधक ने बताया कि बैंक को जरूरत के मुताबिक राशि नहीं मिल रही है। जिस कारण ऐसी विकट परिस्थिति का सामना करना पड़ रहा है।

खबरें और भी हैं...