स्वयं के लिए तो सभी जीते हैं, दूसरों के लिए जो जीए और सोचे वहीं महान होता है। एेसा ही कुछ काम शहर के मारवाड़ी महिला समिति की सदस्यों द्वारा किया जा रहा है। विगत कुछ वर्षो से आम लोगों की समस्या को अपना बनाकर समिति की महिलाये लगातार क्षेत्र में काम कर रही है। कभी गर्मी के मौसम में प्यासे की प्यास बुझाकर तो कभी किसी बेसहारा को सहारा देकर लगातार पुण्य का काम कर रही है। इसी कड़ी में मारवाड़ी महिला समिति की महिलाओं ने मिहिजाम स्थित मदर टेरेसा अस्पताल के कुष्ठ रोगियों को खाना खिलाने का काम किया। साथ ही बीमार के साथ समय गुजारा आैर उनकी समस्याओं का सुना। मौके पर समिति की अध्यक्ष मधु नारनोलिया ने कहा कि अपने लिए तो सभी जीते है, अगर जीना है तो दूसरों के लिए एक पल के लिए जीकर देखे, बहुत सुकुन मिलेगा। दूसरे की तकलीफ को कभी अपना बनाकर देखे अच्छा लगेगा। कहा कि समिति का यहीं प्रयास होता है कि वैसे लोग जो जीने की आस छोड़ चुके है उनके बीच पहुंचकर कुछ पल का समय बीताएं। उनके साथ रह कर उन्हें खुश करने की कोशिश करते है। ताकि ऐसे लोगाें के जीवन में जीने की आस जगे। गरीब, असहाय लोगों के बीच जरूरत का सामान भी उपलब्ध कराने का काम करते है। कहा कि स्लम ऐरिया के बच्चों को शिक्षा से जोड़ने के लिए भी अभियान चला रहे है। मौके पर राजो गुटगुटिया, मीना अलसेसरिया, मीना डोकानिया, किरण नारनोलिया, मीरा नारनोलिया, मीरा जाटिया, अनिता जाटिया, पद्मा मोदी, शशि नारनोलिया, शोभा डालमिया, सीमा सेवतिया, सारिका नारनोलिया, मंजु आग्रवाल, निशा गुटगुटिया प्रेमा परशुरामका, रितिका गुटगुटिया सहित अन्य सदस्य मौजूद थीं।
कुष्ठ रोगियों के साथ मारवाड़ी महिला समिति की सदस्य।
कुष्ठ रोगियों को भोजन वितरित करती समिति सदस्य।