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एक ट्रेन छूटी तो बिलासपुर-कोरबा जाने यात्रियों को 2 से छह घंटे तक करना पड़ रहा इंतजार

3 वर्ष पहले
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अकलतरा | जांजगीर-नैला एवं चांपा के बीच हसदेव नदी स्थित ब्रिज में मेंटनेंस को लेकर रेलवे ने 9 पैसेंजर ट्रेन को 46 दिनों के लिए रद्द किया है। ऐसे में शादी का सीजन होने से जो ट्रेनें चल रही है, उसमें अब पैर रखने जगह नहीं है।

सुबह 7.30 बजे के बाद बिलासपुर जाने के लिए दूसरी ट्रेन दो घंटे बाद है। दो घंटे इंतजार करने के बाद लोगों को पेसेंजर ट्रेन मिल रही है। कोरबा की ओर यात्रा करने के लिए सुबह 9.30 बजे लिंक एक्सप्रेस के बाद दूसरी ट्रेन के लिए 6 घंटे के इंतजार करना पड़ रहा है। दोपहर 3.30 बजे बिलासपुर गेवरा रोड पैसेंजर से कोरबा के लिए यात्रा कर रहे है। बिलासपुर से गेवरा रोड जाने वाली मेमू लोकल रद्द होने से बिलासपुर से चांपा की ओर आने वाले यात्री दोपहर 2.20 मिनट के बाद पांच घंटे इंतजार करने के बाद शाम 7. 20 मिनट में बिलासपुर से टाटा नगर जाने वाली पैसेंजर में आने के लिए मजबूर हो रहे है। रेलवे द्वारा मेंटेनेंस के नाम पर नौ पैसेंजर ट्रेनों को 45 दिनों तक रद्द करने के बाद पैसेंजर हॉल्ट स्टेशनों के लिए वैकल्पिक व्यवस्था भी नहीं की गई है, जिससे वैवाहिक सीजन में गर्मी में यात्री घंटों बैठकर ट्रेन का इंतजार करने मजबूर हो रहे हैं।

ट्रेन के रद्द होने से रायगढ़-बिलासपुर मेमू में बढ़ी यात्रियों की भीड़।

रेल मंत्री को लिखा पत्र:साहू

विधायक चुन्नीलाल साहू ने कहा कि रेलवे द्वारा आम जनता की सुविधाओं को दर किनार करते हुए एक साथ 9 पैसेंजर ट्रेनों काे 46 दिन तक रद्द करने के बाद भी बिलासपुर, कोरबा एवं जांजगीर-चांपा के सांसद एवं जनप्रतिनिधि कोई पहल नहीं कर रहे। लोगों को ट्रेन के अभाव में सफर करना मुश्किल हो रहा है। इस संबंध मे रेल मंत्री एवं डीआरएम को पत्र भेजा गया है।

अकलतरा | जांजगीर-नैला एवं चांपा के बीच हसदेव नदी स्थित ब्रिज में मेंटनेंस को लेकर रेलवे ने 9 पैसेंजर ट्रेन को 46 दिनों के लिए रद्द किया है। ऐसे में शादी का सीजन होने से जो ट्रेनें चल रही है, उसमें अब पैर रखने जगह नहीं है।

सुबह 7.30 बजे के बाद बिलासपुर जाने के लिए दूसरी ट्रेन दो घंटे बाद है। दो घंटे इंतजार करने के बाद लोगों को पेसेंजर ट्रेन मिल रही है। कोरबा की ओर यात्रा करने के लिए सुबह 9.30 बजे लिंक एक्सप्रेस के बाद दूसरी ट्रेन के लिए 6 घंटे के इंतजार करना पड़ रहा है। दोपहर 3.30 बजे बिलासपुर गेवरा रोड पैसेंजर से कोरबा के लिए यात्रा कर रहे है। बिलासपुर से गेवरा रोड जाने वाली मेमू लोकल रद्द होने से बिलासपुर से चांपा की ओर आने वाले यात्री दोपहर 2.20 मिनट के बाद पांच घंटे इंतजार करने के बाद शाम 7. 20 मिनट में बिलासपुर से टाटा नगर जाने वाली पैसेंजर में आने के लिए मजबूर हो रहे है। रेलवे द्वारा मेंटेनेंस के नाम पर नौ पैसेंजर ट्रेनों को 45 दिनों तक रद्द करने के बाद पैसेंजर हॉल्ट स्टेशनों के लिए वैकल्पिक व्यवस्था भी नहीं की गई है, जिससे वैवाहिक सीजन में गर्मी में यात्री घंटों बैठकर ट्रेन का इंतजार करने मजबूर हो रहे हैं।

रेल संघर्ष समिति, दैनिक यात्री संघ ने जताया रोष

रेल संघर्ष समिति के संतोष अग्रवाल ने बताया कि सुबह 9.30 बजे बिलासपुर की ओर जाने वाली गेवरा रोड रायपुर पैसेंजर ट्रेन रद्द होने से यात्री रायगढ़ बिलासपुर मेमू लोकल मेें भारी भीड़ के बीच यात्रा करने मजबूर हैं। शाम के समय बिलासपुर गेवरा रोड मेमू लोकल रद्द होने से सर्वाधिक परेशानी बढ़ी है। 46 दिनों तक लगातार जब इतने ट्रेनों को रद्द किया गया तो रेल प्रबंधन को यात्रियों के लिए रूट में चलने वाली दूसरी गाड़ियों का अस्थायी स्टापेज देना था। मालगाड़ी, एक्सप्रेस एवं सुपरफास्ट ट्रेनें रोज चल रही हैं।

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