सफाईकर्मियों ने निकाला मशाल जुलूस
कार्य बहिष्कार कर हड़ताल पर गए नपा से जुड़े सफाई कर्मचारियों ने मंगलवार शाम पुरानी कमेटी कार्यालय से मशाल जुलूस निकाला, जो शहर के बाजारों और चौराहों से होते हुए वापस पुरानी कमेटी कार्यालय पहुंचा। यहां सभी ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर प्रदर्शन किया।
नेतृत्व रविंद्र दलाल ने किया। सफाई कर्मचारियों की मांग है कि सरकार उन्हें स्थायी करे। इससे पूर्व कर्मचारी संगठन के नेता आशीष बोहत ने सभा को संबोधित करते कहा कि जब तक सभी 126 कर्मचारी स्थायी नहीं होते तब तक विरोध और हड़ताल जारी रहेगी। सरकारी की ओर से सफाई कर्मचारियों के हित की अनदेखी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। वहीं, नपा ने पहले ही सभी 19 वार्ड की सफाई का काम निजी एजेंसी को दिया है, लेकिन शहरी क्षेत्र में कचरा फैलने की समस्या अन्य शहरों की अपेक्षा गंभीर नहीं है। जुलूस में विभिन्न कर्मचारी संगठनों का सहयोग रहा। इनमें बंसी लाल, रामवीर, प्रदीप छिक्कारा, रामदर्शन, विष्णुदत्त जांगड़ा, अफलातून जाखड़, ओमप्रकाश, राजवीर, प्रदीप नांदल,महावीर निर्वाण, सरोजदेवी, रामचंद्र यादव, विजय माजरा, नवीन कुमार आदि रहे।
झज्जर. सफाई कर्मचारी मशाल जुलूस निकालते हुए।
सफाई कर्मचारियों का धरना-प्रदर्शन जारी
बेरी | स्थायी करने की प्रमुख मांगों को लेकर सात दिन से हड़ताल पर बैठे नगर पालिका के सफाई कर्मचारियों का मंगलवार को भी धरना-प्रदर्शन जारी रहा। इन्हें समर्थन देने अाए शिव कुमार रंगीला का कहना था कि सफाई कर्मचारी देश-प्रदेश को साफ रखते हैं, जो कोई नहीं कर सकता वो काम करते हैं पर दुर्भाग्य है कि हरियाणा बने 51 साल हो चुके हैं। आज तक किसी भी सरकार ने सफाई कर्मचारियों के हित की बात नहीं की। उनके हित की अनदेखी की जा रही है। इसको लेकर सफाई कर्मचारियों में सरकार के प्रति रोष है।