जींद | भारतीय किसान यूनियन की मीटिंग सोमवार को किसान भवन में हुई। इसकी अध्यक्षता जिला प्रधान छज्जूराम ने की। मीटिंग में बैंक द्वारा किसानों की जमीन नीलाम करने के नोटिस भेजने की निंदा की गई। उन्होंने कहा कि यदि बैंक कर्मचारी या तहसील का कोई भी अधिकारी बोली करवाने के लिए किसी भी गांव में गया अथवा बैंक में ही कार्रवाई की गई तो भारतीय किसान यूनियन कोई भी कड़ा फैसला लेने को मजबूर होगी। इसकी जिम्मेदारी बैंक व प्रशासन की होगी। उन्होंने बताया कि वर्ष 2002 में गुलकनी गांव में प्रदर्शन के दौरान पुलिस की गोली से कई किसानों की मौत हो गई थी। इसको लेकर 1 जून को गांव गुलकनी में होने वाली शोक सभा के लिए चार टीमों का गठन किया गया है। जो गांव-गांव जाकर लोगों को शोक सभा का निमंत्रण देगी। उन्होंने कहा कि गांव व खेतों में बिजली समस्या गंभीर हो चुकी है। यदि जल्द ही बिजली निगम या सरकार ने बिजली समस्या का समाधान नहीं किया तो भारतीय किसान यूनियन सभी पावर हाउसों को ताला लगाएगी। इस मौके पर रामराजी पोंकरी खेड़ी, राजकुमार उचाना, भीरा रूपगढ़, भलेराम राजपुरा, ईश्वर सिंह रेढू, प्रकाश मौजूद रहे।