राॅयल्टी कम नहीं हुई तो पत्थर व्यवसायी 18 को आंदोलन की रूपरेखा तय करेंगे
पत्थर व्यवसाय से जुड़े उद्यमियों ने शनिवार को बैठक कर सरकार की ओर से रॉयल्टी कम नहीं करने पर 18 अप्रैल को आंदोलन की रूपरेखा तय की जाएगी। बैठक में सभी क्लस्टर व स्टोन पार्क एसोसिएशन व ट्रक मालिक उपस्थित थे।
बैठक के प्रारंभ में 5 अप्रैल से अब तक रॉयल्टी बढ़ोतरी को वापिस लेने के लिए किए गए प्रयास पर विस्तार से बातचीत हुई। एसोसिएशन के अध्यक्ष नरेश कच्छवाहा ने बताया, कि 28 फरवरी 2017 को जारी नोटिफिकेशन के आधार पर रॉयल्टी बढ़ाने के मामले में खनिज विभाग के आला-अधिकारियों से चर्चा करने के बावजूद संतोषजनक जवाब नहीं दिया। इसमें कटिंग व सादे ब्लॉक के फर्क का 2012 से 2015 तक के नोटिफिकेशन के आधार पर कम से कम वर्गीकरण पर रॉयल्टी बढ़ोतरी को लेकर केंद्रीय कृषिमंत्री गजेंद्रसिंह शेखावत ने 17 अप्रैल को मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे से बात कर मामले का निस्तारण करने का भरोसा दिलाया है। बैठक में फैसला लिया कि 18 अप्रैल तक कोई भी ब्लॉक की गाड़ी की रॉयल्टी नाके पर रसीद नहीं काटे आैर सभी ब्लॉक भरने वाले ट्रक मालिक संयम रखे। कच्छवाहा ने बताया, कि अगर राज्य सरकार 18 तक कोई संतोषजनक जवाब नहीं देती है तो हड़मानजी का बाड़िया रामदेव मंदिर परिसर में विशेष बैठक कर आगे के आंदोलन की रुप रेखा तय करेंगे। बैठक में नरपतसिंह सांखला, संजय कच्छवाहा, नृसिंह गहलोत, किशोर सिंह परिहार, वीरेंद्रसिंह गहलोत, घनश्याम पंवार, दलपत कच्छवाहा, सिकंदर खान, आम प्रकाश परिहार, केशाराम चौधरी, भगवान सिंह व पूनमचंद उपस्थित थे।
पत्थर व्यवसाइयों ने रॉयल्टी बढ़ने के विरोध में आंदोलन की रणनीति बनाई।