कम्युनिटी रिपोर्टर | जोधपुर
रहमतों और बरकतों का महीना रमज़ानुल मुबारक गुरूवार से शुरू हो गया। गुरूवार को माहे रमजान का चांद दिखाई देने के साथ ही मुस्लिम बहुल क्षेत्रों में चहल-पहल शुरू हो गई। गुरूवार को इशा की नमाज के साथ तरावीह की नमाज भी अदा की गई। रमजान का महीना शुरू होने के साथ ही एक महीने तक इबादत का दौर शुरू हो जाएगा। गृहणियों ने सेहरी और इफ्तार के लिए तैयारियां कर ली हैं। तरावीह की नमाज के बाद मुस्लिम मोहल्लों में देर रात तक रौनक रही।
मस्जिदों में किए खास इंतजाम
शुक्रवार को पहला रोजा रखा जाएगा।इस महीने की शुरूआत जुमे से हो रही है। जुमे की नमाज के लिए मस्जिदों में खास इंतजाम किए गए हैं। तेज गर्मी को ध्यान में रखते हुए मस्जिदों के बाहर शामियाने लगाए जाएंगे।
हमदर्दी और भाईचारगी का संदेश देता है रमजान का महीना-मुफ्ती
मुफ्ती शेर मोहम्मद रिजवी ने रमजान शरीफ की आमद पर तमाम लोगों को मुबारकबाद दी है। उन्होंने कहा कि रमजान का महीना मुबारक,रहमतों, बरकतों व मगफिरत का महीना है। उन्होंने तमाम मुसलमानों से अपील करते हुए कहा कि सभी लोग इस बात का ध्यान रखें कि रोजे में मस्जिदों में माइक और लाउडस्पीकर की आवाज ज्यादा तेज ना हो व किसी को कोई तकलीफ न पहुंचे । सेहरी के वक्त भी माइक का इस्तेमाल कम करें। उन्होंने कहा कि रमजान का महीना हमें भाईचारगी, मेलमिलाप, मोहब्बत, शांति और सब्र का पैगाम देता है। हम एक-दूसरे की मदद करें।
फर्ज की नमाज का 70 गुना ज्यादा सवाब है
इस महीने में जन्नत के दरवाजे खोल दिए जाते हैं। फर्ज की नमाज का 70 गुना ज्यादा सवाब है। नफल नमाज का सवाब भी फर्ज के बराबर मिलता है। इस महीने ज्यादा से ज्यादा कुरआन शरीफ की तिलावत करना, रोजा रखना, तौबा करना और ज्यादा से ज्यादा से नफल पढ़ना हर मोमीन का फरीजा है। अपने माल का पूरा हिसाब करके जकात दें, ताकि अल्लाह तआला आपके माल में बरकतें पैदा करें।