मासूम बच्चों पर बस्ते का कितना बोझ है, इसे बहुत ही करीब से महसूस कराया मनोज सांधा ने, जिन्होंने कंटेपररी आर्ट में बनाई एक पेंटिंग में दिखाया कि बच्चा स्कूल बस में बैठा है फिर भी बैग उसके कंधे पर ही टंगा है। एक्रेलिक कलर्स के साथ डिजिटल बदलाव पर ऐसा ही प्रयोग ओडिसा के रूपक पात्रा ने अपनी पेंटिंग \\\"परिवर्तन\\\' में किया। इसमें उन्होंने संदेशवाहक की यात्रा को बड़ी ही नफासत के साथ दिखाया कि किस तरह पहले कबूतर संदेश ले जाते थे और फिर लाल डिब्बा, कुरियर, ई-मेल और अब वाट्सएप के जरिए मैसेज एक जगह से दूसरी जगह जा रहा हैं। ईस्टर्न फाउंडेशन फॉर आर्ट एंड कल्चर संस्थान की ओर से जोधपुर में संपन्न हुए तीन दिवसीय नेशनल आर्ट फेस्टिवल \\\"एक्ट कनेक्ट रिफ्लेक्ट\\\' में एक ही मंच पर सारी कलाओं का समावेश दिखा। एक ओर आर्टिस्ट कूची-कलर्स के साथ थे तो दूसरी ओर फोटोग्राफी एग्जीबिशन लगी थी। तीनों दिन गीत, संगीत और नृत्य के प्रोग्राम भी हुए। अंतिम दिन कल्प चित्रकला परिषद एवं प्रोग्रेसिव आर्टिस्ट ग्रुप, राजस्थान के संयुक्त तत्वाधान में प्रोजेक्ट स्टूडियो एक्सटेंशन प्रोग्राम आयोजित किया गया। इसमें शहर के 40 युवा कलाकारों ने लाइन आर्ट और पेंटिंग्स बनाई। फेस्टिवल में कई सीनियर आर्टिस्ट भी शामिल रहे। फेस्टिवल आयोजक केशव वरनोति ने बताया कि क्लोजिंग सेरेमनी के चीफ गेस्ट पुलिस उपायुक्त (पूर्व) डाॅ. अमनदीप सिंह कपूर थे जिन्होंने इस आयोजन की सराहना करते हुए कहा कि इस तरह के एकेडमिक प्रोग्राम होने जरूरी हैं ताकि समाज व आर्ट स्टूडेंट्स में कला के प्रति सजगता बढ़े जो इस दुनिया को सुंदर बनाने के लिए सबसे बड़ी जरूरत है। विशिष्ट अतिथि राजस्थान प्रौढ़ शिक्षा समिति के अध्यक्ष रमेश थानवी ने कला की शिक्षा के अंतरलय की विवेचना करते हुए इसे दुनिया की सबसे उम्दा भाषा होने की संज्ञा दी। युवा ज्ञानपीठ पुरस्कार से सम्मानित कवि-चित्रकार अमित कल्ला ने इस समूचे कला आयोजन की प्रासंगिकता के दार्शनिक पक्षों को उजागर करते हुए इसे भविष्य में और बेहतर करने के आयामों पर प्रकाश डाला। इस मौके कला मर्मज्ञ कनु पटेल भी बतौर मेहमान मौजूद रहे।
राजस्थान के कलाविद् आरबी गौतम को सृजन सम्मान
समापन सत्र के दौरान राजस्थान के कलाविद् और पेग के अध्यक्ष आरबी गौतम को ललित कला के क्षेत्र में पांच दशक के अनन्य योगदान के लिए सृजन सम्मान से सम्मानित किया गया। अखिल भारतीय स्तर पर हुई विभिन्न प्रतियोगिताओं के विनर्स को भी कैश प्राइज और सर्टिफिकेट दिए गए। नेशनल कैंप में कैनवासों पर अनन्य रंग यात्रा रचने वाले देश के विभिन्न राज्यों से आए आर्टिस्ट्स जयंत खान, राजीव सरकार, पंचानन सामल, कौशिक, संदीप मेघवाल, रंजना जांगिड़, पप्पू गर्ग, अजयसिंह राजपुरोहित, कामिनीकांत, मनोज सांधा, रूपक पात्रा, प्रीति माहेश्वरी, विजयश्री को उनकी रचनाशीलता के लिए सम्मानित किया।
प्रोजेक्ट स्टूडियो एक्सटेंशन प्रोग्राम के साथ हुआ नेशनल आर्ट फेस्टिवल \\\"एक्ट कनेक्ट रिफ्लेक्ट\\\' का समापन