नप उपाध्यक्ष और एक पार्षद ने पीआईसी से दिया इस्तीफा
नगर परिषद सीएमओ संजय रावल को परिषद अध्यक्ष आशा वासुरे के नाम त्याग पत्र देते परिषद उपाध्यक्ष प्रेमचंद डोसी और साथ में अन्य पार्षद।
भास्कर संवाददाता | करही
नगर परिषद करही पाडल्या खुर्द के पीआईसी सदस्यों का इस्तीफा देने का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। सोमवार को भाजपा के परिषद उपाध्यक्ष व वार्ड 1 के पार्षद, वार्ड 15 के पार्षद ने पीआईसी की सदस्यता का इस्तीफा अध्यक्ष के नाम सीएमओ को सौंपा।
नगर परिषद उपाध्यक्ष व वार्ड 1 के पार्षद प्रेमचंद्र डोसी ने बताया करीब डेढ़ वर्ष पूर्व मुझे पीआईसी का सदस्य बनाया गया था। परिषद के गठन को तीन वर्ष से भी अधिक समय हो गया है। हमने पीआईसी के माध्यम से नगर विकास के लिए कई प्रस्ताव पारित किए लेकिन परिषद के जिम्मेदारों ने कुछ ही प्रस्तावों पर कार्य किए हैं। जो कार्य किए गए वे पारदर्शिता के अभाव में शंका के घेरे में हैं। मैंने परिषद में किए जा रहे कार्यों का लेखा जोखा व आय-व्यय पत्रक की मांग कई बार मौखिक व एक बार लिखित मांगी लेकिन आज तक उपलब्ध नहीं कराई गई। परिषद में दैनिक वेतन भोगी कर्मचारियों की भर्ती करना व उन्हें निकालने का काम नियम के विरुद्ध किया जा रहा है। इन सब विषयों से असंतुष्ट होकर मैंने व वार्ड 15 के पार्षद धनसिंग दवाड़े ने पीआईसी की सदस्यता से इस्तीफा अध्यक्ष आशा वासुरे के नाम परिषद के सीएमओ संजय रावल को दिया है।
8 दिनों में पीआईसी से 3 इस्तीफे
अध्यक्ष व पार्षदों के आपसी मनमुटाव के चलते नगर परिषद की पीआईसी सदस्यता ने 8 दिनों के अंतराल में ही तीन पार्षदों ने पीआईसी सदस्यता से इस्तीफे दे दिए हैं। सबसे पहले वार्ड 11 की पार्षद संतोषी निर्मल तंवर सोमवार को परिषद के उपाध्यक्ष, पार्षद प्रेमचंद्र डोसी व धनसिंग दवाड़े ने भी सदस्यता से इस्तीफा सौंप दिए।
ये प्रस्ताव किए थे पारित
उपाध्यक्ष प्रेमचंद्र डोसी ने बताया डेढ साल में पीआईसी ने नगर विकास के कई प्रस्तावों को पारित किए। इसमें आखीपुरा, करही, पाडल्या के वार्डों में सीसी सड़क निर्माण, नाली निर्माण सहित फायर ब्रिगेड के प्रस्ताव पास किए लेकिन आज तक भी कार्य शुरू नहीं किए गए। कुछ कार्य ही किए गए जो शंका के घेरे में हैं। परिषद द्वारा मांगी गई जानकारियां भी उपलब्ध नहीं कराई जाती है।