पिछले एक सप्ताह से लगातार मौसम करवट बदल रहा है। पहले मध्यप्रदेश, फिर प. बंगाल से कर्नाटक इसके बाद उत्तर प्रदेश से लगे हुए छत्तीसगढ़ के हिस्से में बने अलग-अलग सिस्टम के कारण बदले मौसम में एक बार फिर परिवर्तन आया है। इस बार असर एक ऊपरी चक्रवात का और एक द्रोणिका का है। इसी वजह से कवर्धा के आसमान में गुरुवार को बादल छाए रहे। दोपहर के समय हल्की बूंदाबांदी भी हुई, लेकिन इसके बाद उमस ने लोगों को परेशान कर दिया।
मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक वर्तमान में पूर्वी बिहार में ऊपरी चक्रवात बना हुआ है। साथ ही दक्षिण उत्तरप्रदेश से लेकर उत्तर पूर्वी बंगाल की खाड़ी तक द्रोणिका बनी हुई है। इसके कारण ही बंगाल की खाड़ी से बड़ी मात्रा में नमी आ रही है। इसके असर से ही गुरुवार को कवर्धा में बूंदाबांदी हुई और दिन में ज्यादातर समय हल्के बादलों की आवाजाही बनी रही। आने वाले 24 घंटे तक बारिश की संभावना है।
देर शाम तक आसमान में 29 फीसदी थे बादल
गुरुवार की सुबह धूप खिली हुई थी। लेकिन इसके बाद बादल छाने लगे। दोपहर 1 बजे के आसपास बड़ी-बड़ी बूंदें आसमान से बरसने लगी। हालांकि, यह ज्यादा देर तक नहीं बरसीं और कुछ समय बूंदाबांदी भर होने के बाद शांत हो गईं। हालांकि देर शाम तक आसमान में 29 फीसदी बादल थे, लेकिन यह बरसे नहीं।