समाज में आज दिशा भ्रम, विचार शून्यता और संवेदनहीनता के साथ अनास्था तथा तमो गुण बढ़ा है। इसका प्रमुख कारण है समाज को सही दिशा दिखाने वाले ही दिशा भ्रमित हैं। अनास्था के इस दौर में उपासना, साधना और आराधना से की गई लोक आराधना से ही देश और समाज का भला होगा।
अखिल विश्व गायत्री परिवार द्वारा रविवार को गौरीकुंज सभागृह में कराई गई प्रांतीय युवा सृजेता संगोष्ठी में युवा प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय प्रभारी केपी दुबे ने यह बात कही। उन्होंने कहा समाज के उत्थान और विकासशील संचालन के लिए उचित नीति बनाने की जिम्मेदारी जिन्हें सौंपी गई है, वे स्वहित अनीति द्वारा राजनीति करने में लगे हैं। हर क्षेत्र में अविश्वास और अनैतिकता बढ़ रही है। इसकी वजह साफ है कि आज व्यक्ति स्वयं और परिवार तक ही सीमित हो गया है। वो भूल रहा है कि वह समाज की एक छोटी इकाई है और परिवार का विस्तार ही समाज है। उन्होंने गायत्री परिजन से घर-घर गायत्री, घर-घर यज्ञ का आह्वान किया।
व्यसन मुक्त स्वर्णिम मप्र के लिए 31 से चलाएंगे अभियान
गायत्री परिवार के मप्र जोन संयाेजक नारायण प्रसाद शर्मा ने कहा विश्व तंबाखू निषेध दिवस 31 मई से पूरे प्रदेश में व्यसन मुक्ति अभियान चलाएंगे। इसके लिए सामाजिक न्याय विभाग ने हर जिले को एक-एक लाख रुपए आवंटित कर जिला अधिकारियों को पत्र भी लिखा है कि पूरे जिले में गायत्री परिवार के सहयोग से व्यसन मुक्ति के लिए कार्य किए जाएं। उन्होंने कहा 24 मई को सरकार के साथ होने वाली बैठक में प्रस्ताव रखेंगे कि सरकार सहयोग करे तो हर जिल में गायत्री शक्तिपीठ पर व्यसन मुक्ति कार्यालय के लिए स्थान उपलब्ध कराया जा सकता है। शांतिकुंज से प्रदेश की सभी 30 हजार पंचायतों में व्यसन मुक्ति प्रदर्शनी भी लगवा सकते हैं। इस दौरान प्रांतीय और जिला स्तर पर अभियान चलाने के लिए आंदोलन समिति भी गठित की गई। संगोष्ठी को प्रांतीय प्रभारी आनंद विजयवर्गीय ने भी संबोधित किया। गायत्री परिवार के देवेंद्र सिंह यादव और ब्रजेश पटेल ने बताया संगोष्ठी में प्रदेश के सभी जिलों के युवा प्रकोष्ठ जिला संयोजक, प्रांतीय पदाधिकारी, जोन, उप जोन प्रभारी और प्रतिनिधियों के साथ खंडवा जिले के 1087 गायत्री चेतना केंद्र के परिजन, महिला मंडल, प्रज्ञा मंडल के सदस्यों सहित कई गणमान्यजन मौजूद थे। इस दौरान प्रबंध ट्रस्टी सुरेश गुप्ता, जिला समन्वयक आनंदीलाल सोनी, डॉ. मधुसूदन गीते, शिवनारायण पांडे, डॉ. एचएस श्रीवास्तव, संजय तिवारी, मोहन सिंह चौहान, जगदीश समेडिया, संतोष खेड़ेकर सहित कई गायत्री परिजन मौजूद थे। संचालन मनोज तिवारी ने किया। आभार ब्रजेश पटेल ने माना।
अखिल विश्व गायत्री परिवार के कार्यक्रम में उपस्थित लोग।
कार्यक्रम में मंच पर मौजूद वक्ता व अतिथि।