एडीएम के सामने पार्षदों के हस्ताक्षर सत्यापित
नगर निगम सभापति धुरपाल सिंह कंवर के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव का आवेदन देने वाले विपक्षी पार्षदों के दस्तखत बुधवार को कलेक्टर न्यायालय में सत्यापित किए गए। अब कलेक्टर अविश्वास प्रस्ताव के लिए बैठक बुलाने की तारीख तय करेंगे।
नगर निगम में कांग्रेस की महापौर रेणु अग्रवाल है वहीं सभापति भी कांग्रेस से है। नगर निगम के इस चौथे कार्यकाल में पहली बार कांग्रेस को सत्ता की कमान मिली है। पिछले महिने बजट से पहले विपक्षी पार्षदों ने नगर निगम कार्यालय साकेत में धरना प्रदर्शन किया था। उनका आरोप है कि सभापति मनमानी करते हैं। इसी वजह से वे अविश्वास प्रस्ताव लाएंगे। निगम में विपक्ष के नेता योगेश जैन ने बताया कि हमने 27 पार्षद जिसमें भाजपा, बसपा, निर्दलीय पार्षदों के साथ-साथ कांग्रेस छोड़कर आए पार्षद भी शामिल थे, के संयुक्त हस्ताक्षरयुक्त एक पत्र कलेक्टर को दिया था। इसी परिपेक्ष्य में सभी पार्षदों को 18 अप्रैल को कलेक्टर न्यायालय में हस्ताक्षर सत्यापन के लिए उपस्थित होने पत्र मिला था। बुधवार को निर्दलीय पार्षद कृपाराम साहू व धनंजय चंद्रा को छोड़कर अन्य सभी 25 पार्षद उपस्थित हुए। निगम परिषद सचिव पवन वर्मा उपस्थित थे। कलेक्टर न्यायालय में एडीएम प्रियंका महोबिया के समक्ष एक-एक पार्षद को बुलाया गया। जहां एक पत्र में उन्होंने अपने हस्ताक्षर के किए। पार्षद महेन्द्र सिंह चौहान ने बताया कि कुल 23 पार्षदों के हस्ताक्षर अविश्वास प्रस्ताव के लिए जरूरी थे।