शहर के लोग वृद्धाओं को चुपचाप अपना घर आश्रम में छोड़कर जा रहे हैं। परिजनों द्वारा किए जा रहे एेसे व्यवहार के लगातार किस्से सामने आने के बाद गुरुवार को अपना घर आश्रम प्रबंधन एसपी सिटी और एडीएम सिटी से मिला। जहां उन्होंने ऐसे कई मामलों की जानकारियां प्रशासन और पुलिस को दी। पुलिस और प्रशासन ने शहरवासियों से अपील की है कि वे ऐसा नहीं करें। वहीं, उन्होंने अपना घर आश्रम को समय-समय पर अतिरिक्त पुलिस बल देकर सहयोग करने का आश्वासन दिया।
अपना घर के मनोज जैन आदिनाथ ने बताया कि कई बार पॉलिटेक्निक कॉलेज परिसर में स्थित अपना घर आश्रम में लावारिस अवस्था में कोई भी व्यक्ति दबे पैर आकर प्रभुजी को छोड़ गायब हो जाता है। इसके अलावा आसपास गलियों या चौराहे पर छोड़ जाता है, जिससे लावारिस प्रभुजी पुलिस या आश्रम के सेवा साथियों द्वारा आश्रम में पहुंच जाते हैं। आए दिन हॉस्पिटल में लावारिस अवस्था में परिवारजनों द्वारा विमंदित असहाय लोगों को छोड़ने की घटनाएं सामने आती हैं। अति गंभीर अवस्था या वृद्धावस्था के कारण प्रभुजी देवासन के दौरान पोस्टमार्टम जैसे मामलों में पुलिस द्वारा सहयोग किया जाता है। पंचनामा व अन्य कार्यवाही में समय भी लगता है। आश्रम प्रबंधन ने एसपी अंशुमन भौमिया से कहा कि पुलिस मदद करती है, लेकिन स्टाफ की कमी होने व अन्य कार्यों में व्यस्त होने से कई बार विपरीत परिस्थितियां बन जाती हैं। जिस पर एसपी ने अतिरिक्त पुलिस बल देकर सहयोग करने का आश्वासन दिया। वहीं, एडीएम सीटी बीएल मीणा से मिले और पॉलिटेक्निक कॉलेज परिसर में टूटी बाउंड्रीवॉल की रिपेयरिंग की बात कही।