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णमोकार मंत्र के जाप से अहंकार और पाप करने से बच जाता है मनुष्य : शशांक सागर

3 वर्ष पहले
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दिगंबर जैन मंदिर विज्ञान नगर में चातुर्मास के तहत मंगलवार को आयोजित धर्मसभा में शशांक सागर महाराज ने कहा कि प्रत्येक शुभ कार्य से पूर्व भगवान के नाम स्मरण को मंगलाचरण कहते हैं। जैन दर्शन के मंगलाचरण में णमोकार महामंत्र में पंचपरमेष्ठी को नमस्कार किया गया है। इस मंत्र की विशेषता यह है कि इसमें किसी व्यक्ति विशेष को नहीं, अपितु परम पद में ईष्ट रहने वाले अरिहंत सिद्ध आचार्य उपाध्याय एवं सभी साधुओं को नमस्कार किया गया है। इसलिए यह मंत्र सबके लिए कल्याणकारी है। ऐसे मंत्र को नमन करते हुए मन में बसाने से अहंकार समाप्त होता है, हृदय के पट खुल जाते हैं और व्यक्ति पाप करने से बच जाता है।

चातुर्मास समिति के गौरवाध्यक्ष राजमल पाटोदी एवं अध्यक्ष पारसमल जैन सीए ने बताया कि चातुर्मास में आचार्य द्वारा जिनवाणी का वाचन कक्षा के रूप में प्रारंभ किया गया है, जो दीपावली तक प्रतिदिन प्रातः 8.30 बजे से लगातार चलता रहेगा। सायं 6.30 बजे गुरुभक्ति का आयोजन हुआ। चातुर्मास समिति के मुख्य प्रवक्ता पीके हरसोरा ने बताया कि कलश स्थापना स्थल पर नियमित रूप से भक्तामर मंडल विधान, कल्याण मंदिर विधान एवं सहस्त्रनाम मंडल विधान के माध्यम से आचार्य के सानिध्य में आराधना की जाती है।

कोचिंग जाने से पहले मंदिर में दर्शन करके जाएं तो पढ़ाई में मन लगेगा : विज्ञमति

तलवंडी जैन मंदिर में चातुर्मास कर रहीं आर्यिका विशुद्धमति माता ने कहा कि धर्म से ही आगे बढ़ा जा सकता है। धर्म का ही रास्ता है। युवाओं को भी धर्म से जुड़ना चाहिए और समाज को आगे बढ़ाने में अहम सहयोग करना चाहिए। शाम को माता के ससंघ मंदिर के विशुद्धमति बालिका छात्रावास का निरीक्षण किया। उन्होंने बालिकाओं से बात की और व्यवस्था तथा खाने के बारे में चर्चा की। साथ उन्होंने छात्राओं से कहा कि वे यहां पढ़ने आई हैं, इसलिए स्मार्ट फोन नहीं रखना चाहिए। केवल माता-पिता से बात करने के लिए साधारण फोन होना चाहिए। जिसके पास स्मार्ट फोन हो वह घर भेज दे और सारा ध्यान पढ़ाई में लगाए। विज्ञमति माता ने कहा कि स्मार्ट फोन से बच्चे पढ़ाई नहीं कर पाते। उन्होंने छात्राओं से कहा कि आपको अवसर मिला है कि मंदिर के पास रह रहे हो तो वे कोचिंग जाते समय पहले मंदिर में दर्शन करके जाएं, जिससे पढ़ाई में मन लगे। इस दौरान मुख्य संयोजक सुरेश चांदवाड़, होस्टल संयोजक नरेंद्र खटोड़, गौरवाध्यक्ष जेके जैन और हॉस्टल मैनेजर स्नेहलता मौजूद थीं।

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