नॉर्दर्न बाईपास पर बन रहे आरओबी पर गर्डर चढ़ाने के लिए रविवार को पहुंची दो मशीनों को यहां आंदोलन कर रहे किसानों ने रोक दिया। उन्होंने मशीनों को काम नहीं करने दिया और विरोध में रेल पटरी पर बैठ गए। बाद में यूआईटी प्रशासन ने उन्हें सोमवार को दो बजे तक काम नहीं करने का भरोसा दिलाया। अधिकारियों ने कहा कि दो बजे किसानों से बात करके समाधान निकालने का प्रयास किया जाएगा, इसके बाद काम शुरू होगा।
प्रशासन की ओर से बकाया आरओबी व सड़क का काम पिछले दिनों पुलिस पहरे में शुरू करवाया था, लेकिन किसान इसका लगातार विरोध करते रहे। किसानों का कहना था कि पहले उन्हें जमीन का मुआवजा दिलाया जाए। इसे लेकर बीस दिन से उन्होंने क्रमिक अनशन व धरना भी शुरू किया हुआ है। उनके विरोध को देखते हुए यहां काम की गति भी धीमी हो गई। रविवार को यूआईटी के अधिकारी कीर्ति राठौड़, एक्सईएन महेश गोयल, एसडीओ मोहनलाल प्रतिहार, तहसीलदार गजेंद्र सिंह जाप्ते के साथ दो मशीनों को लेकर वहां पहुंचे। वे आरओबी पर गर्डर चढ़ाना चाहते थे। जैसे ही किसानों को इसकी जानकारी मिली, वे एकत्रित होकर मौके पर पहुंच गए और मशीनों के सामने खड़े हो गए। किसानों ने कहा कि पहले उन्हें उठाना होगा, तभी मशीनें चलेगी, वे वहां से निकल रही रेल की पटरी पर बैठ गए। अधिकारी काफी देर तक उन्हें समझाते रहे, लेकिन किसान किसी भी तरह मानने के लिए तैयार नहीं हुए। उन्होंने कहा कहा कि आॅर्बिट्रेटर ने जो फैसला दिया है, उसे वे मानने के लिए तैयार हैं, उसके अनुसार उन्हें मुआवजा दे दिया जाए। सांगोद में मुख्यमंत्री ने भी उनका मुआवजा दिलाने के लिए कहा है। कलेक्टर भी इस पर सहमत हो चुके हैं। वे यही चाहते हैं कि जब तक उनका मुआवजा नहीं दिया जाता, तब तक काम नहीं किया जाए।
लगातार बढ़ते विरोध को देखते हुए अधिकारियों ने उन्हें सोमवार को दोपहर दो बजे तक काम नहीं करने की जानकारी दी। सचिव आनंदीलाल वैष्णव ने बताया कि किसानों को समझाने का प्रयास किया जा रहा है। सोमवार को एक बार फिर से उनसे बात की जाएगी। इसके बाद काम शुरू करवाएंगे।
बिगड़ रही किसानों की हालत
आंदोलन कर रहे किसानों के प्रतिनिधि भैरूशंकर ने बताया कि किसान बीस दिन से अनशन पर है, इसके बावजूद प्रशासन उनकी मांग को स्वीकार करने के बजाय, जबरन काम करवाना चाहता है, जो नहीं होने दिया जाएगा। अनशन के कारण किसानों की हालत बिगड़ रही है। शनिवार को घनश्याम मीणा की हालत बिगड़ गई। इसी प्रकार रविवार को बद्रीलाल के उल्टी-दस्त शुरू हो गए। उन्हें डॉक्टर को दिखाया गया है।