वजीदपुर के प्रवासी मजदूर की मौत पर घरवालों ने कत्ल की जताई आशंका
कुराली| गांव वजीदपुर में कुछ दिन पहले हुई प्रवासी की मौत को लेकर मृतक के घरवालों ने कथित रूप में कत्ल किए जाने की आशंका जताते हुए, इस मामले की जांच और इंसाफ की मांग की है। घरवालों ने इस संबंधी जिला पुलिस मुखी को भी लिखित तौर पर गुहार लगाई है। इस संबंधी प्रैस काॅन्फ्रेंस के दौरान मोहम्मद मुन्ना अनसारी, मोहम्मद ईश, मोहम्मद समीर अंसारी, मोहम्मद निजाम और मोहम्मद सलाऊदीन अंसारी ने बताया कि उनके परिवार से मुहम्मद कलाम (30) और मोहम्मद नजीर (28) एक दशक से वजीदपुर में रह रहे थे और कोठियों में पत्थर लगाने का काम करते थे। उन्होंने बताया कि उनके साथ शौकत अली भी मजदूरी करता आ रहा था और वह भी 6 महीने से उनके साथ ही रह रहा था।
मोहम्मद मुन्ना अंसारी और अन्य ने बताया कि 7 अप्रैल को सुबह तड़के मोहम्मद कलाम और मोहम्मद नजीर ने बिहार जाना था, इसलिए उन्होंने अपने पैसे निकलवाए हुए थे और उनके पास लगभग 42 हजार रुपए थे। उन्होंने कहा कि 6 अप्रैल की रात को दोनों को पार्टी करने के बारे कहकर शौकत अली ढकोरा की एक मोटर साइकिल पर ले गया था। पुलिस ने मृतक मोहम्मद कलाम के शव का पोस्टमॉर्टम जल्दी करवाने के बारे में कहकर पंजाब में लिखे ब्यानों पर हस्ताक्षर करवा लिए तथा फिर हादसे की कार्रवाई करते हुए धारा 174 के तहत कार्रवाई कर दी।
उन्होंने इस कार्रवाई पर असंतुष्टता जाहीर करते हुए मोहम्मद कलाम की मौत पर कई प्रकार की आशंकाएं जताई हैं और इस संबंधी जांच की मांग की है। चंडीगढ़ के अस्पताल में से छुट्टी होने के बाद घर वापस आए मोहम्मद नजीर ने बताया कि उनको शराब में मिलाकर कुछ पिला दिया था, जिसके बाद उसको इतना याद है कि उनके साथ हाथापाई हुई है। लेकिन, उसके बाद क्या हुआ उनको कुछ पता नहीं है।
इस संबंधी जब थाना माजरी के एसएचओ जगदीप सिंह के साथ संपर्क किया तो उन्होंने इन दोषों को नकारते हुए कहा कि उन्होंने हादसे वाली जगह का मौका देखने तथा तथ्य एकत्रित करने के बाद ही हादसे संबंधी कार्रवाई की है। उन्होंने कहा कि पोस्टमॉर्टम की रिर्पोट मेें ऐसा कुछ नहीं आया, जिससे कत्ल की शंका जाहिर की जा सके।
प्रवासी मजदूर की मौत के संबंध में प्रैस काॅन्फ्रेंस करते हुए मृतक के घरवाले।