ठाकुरद्वारा नाभी कमल मंदिर व जाट सभा जमीन मामले में निशानदेही के लिए प्रशासन ने कल की तारीख तय की है। हालांकि टोटल सर्वे मशीन संबंधी क्या व्यवस्था रहेगी। इसे लेकर एसडीएम मंगलवार को राजस्व विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक कर तय करेंगे। वहीं मंदिर की ओर से याची कुलदीप सिंह का कहना है फिलहाल उन्हें प्रशासन की ओर से इस संबंध में कोई जानकारी नहीं है कि 23 मई को प्रशासन निशानदेही करवाएगा। वहीं सूत्रों से मिली जानकारी अनुसार प्रशासन दोनों पक्षों के बीच सुलह के प्रयास में भी जुटा है। कारण निशानदेही के दौरान जाट शिक्षण संस्थान की बिल्डिंग का कुछ हिस्सा व मुख्य गेट अगर नाभी कमल मंदिर की जमीन में आता है, तो कोर्ट ने उसे साफ कर जमीन मंदिर को सौंपने के आदेश दिए हैं। ऐसे में बिल्डिंग पर आंच आने पर माहौल खराब ना हो इसलिए प्रशासन किसी पचड़े में नहीं पड़ना चाहता। महंत को भी मनाने के प्रयास मामले में हो रहे हैं।
प्रशासन को 28 को कोर्ट में देना है जवाब
एसडीएम अनिल यादव ने कहा कि आज राजस्व विभाग के साथ बैठक कर निशानदेही के लिए व्यवस्था बनाएंगे और कल निशानदेही की जाएगी। बता दें कि शांति नगर स्थित जाट सभा के शिक्षण संस्थान के साथ लगती ठाकुरद्वारा नाभी कमल मंदिर की जमीन को लेकर विवाद है। सुप्रीम कोर्ट से फैसला मंदिर के पक्ष में आ चुका है। कब्जा दिलाने को लेकर मंदिर की ओर से याची पक्ष ने लोकल कोर्ट में अपील की थी। इसपर प्रशासन ने नौ मार्च को मौके पर शिक्षण संस्थान की चारदीवारी ढहाने सहित मंदिर को कब्जा दिलाने की कार्रवाई की थी। इसके बाद मंदिर की ओर से याची पक्ष ने कब्जा पूरा ना दिलाने का आरोप लगा टोटल सर्वे मशीन के जरिए निशानदेही करवा कब्जा पूरा दिलाने की मांग की थी। प्रशासन को निशानदेही करवा कोई कब्जा मिलने पर उसे हटा मंदिर को सौंप 28 मई को कोर्ट में जवाब देना है।