लुधियाना/खन्ना| खन्ना पुलिस ने रविवार को हुए ब्लाइंड मर्डर केस को 24 घंटे में सुलझा लिया। इस वारदात को मृतक की प|ी ने अपने प्रेमी और मौसेरे भाई से मिलकर अंजाम दिया था। मर्डर की वजह मृतक का प|ी के अवैध संबंधों में रोड़ा बनना था। पुलिस ने मृतक संदीप टोपी की प|ी रिंकी और उसके जगराओं के रहने वाले प्रेमी पवनपाल उर्फ रुद्र को गिरफ्तार कर लिया है। तीसरा आरोपी दीपू चौधरी रिंकी का मौसेरा भाई है, अभी फरार है।
एसएसपी नवजोत सिंह माहल ने बताया कि शनिवार शाम को टोपी अपने मालिक के दोस्त मनजीत सिंह की एक्टिवा लेकर घर निकल गया, लेकिन रविवार सुबह उसकी लाश मेंहदीपुर गांव के पास जीटी रोड किनारे बोरी में बांधी मिली। मौके से एक्टिवा भी बरामद हुई। पुलिस ने विशाल शर्मा की शिकायत पर मर्डर केस दर्ज करके जांच शुरू कर दी थी। जांच में सामने आया था कि संदीप टोपी की प|ी रिंकी के पवनपाल के साथ अवैध संबंध थे। इसे लेकर घर में क्लेश रहता था। 19 मई रात को पहले संदीप टोपी को नशीली गोलियां दी गईं। फिर शराब पिलाने के बाद पवनपाल ने उसकी बाजुएं पकड़ीं और प|ी ने टांगें पकड़ लीं। दीपू चौधरी ने बेल्ट और दुपट्टे से गला घोंटकर लाश को बोरी में डालकर चादर से बांध दिया था। दीपू और पवनपाल लाश को एक्टिवा पर रखकर दोराहा नहर में फेंकने जा रहे थे तो मेंहदीपुर के पास उन्हें शक हुआ कि पुलिस की गाड़ी आ रही है। इस पर वे वहीं एक्टिवा खड़ी करके लाश को झाड़ियों में फेंक फरार हो गए।