लुधियाना| हत्या के प्रयास के मामले में एडिशनल सेशन जज राजीव कुमार बेरी की अदालत ने दोषी को सात साल की कैद की सजा सुनाई है। दोषी नूरपुर बेट के रजिंदर सिंह गिल को 50 हजार जुर्माने भी लगाया गया है। थाना लाडोवाल ने हिमाचल के जिला ऊना के अवध मैथरानी की शिकायत पर 25 मार्च 2015 को रजिंदर सिंह गिल, सतपाल और शंभू यादव के खिलाफ मामला दर्ज किया था। पीड़ित के अनुसार साल 2014 को मांगट स्टड फार्म नूरपुर बेट में राइडिंग स्कूल में बतौर ट्रेनिंग इंचार्ज नौकरी जॉइन की थी, जबकि उससे पहले आरोपी रजिंदर सिंह गिल, सतपाल और शंभू यादव भी काम करते थे। उसके जॉइन करने बाद वे उससे रंजिश रखने लगे थे। 21 मार्च रात को आरोपियों ने हमला कर जख्मी कर दिया। अदालत ने दोनों पक्षों की दलील सुनने के बाद रजिंदर सिंह गिल को दोषी पाते हुए उसे सात साल कैद की सजा सुनाई। जबकि सतपाल की मौत हो चुकी है। वहीं, शंभू यादव अभी तक पुलिस के साथ नहीं लगा है। उसे अदालत ने भगोड़ा करार दिया है।
तीन दोषियों में से एक की मौत, तीसरा भगोड़ा