मांडल-डेट के बीच इलेक्ट्रिक रेलवे ट्रैक की जांच करने आई ओएचई कार
भीलवाड़ा | सीआरएस निरीक्षण के दौरान मिली खामियां दूर की जा रही हैं। ढीले तार कस लिए या नहीं, करंट प्रवाहित हो रहा है या नहीं इसकी जांच ओएचई निरीक्षण कार से की जा रही है। ओएचई टू-वे इंजन है जो डीजल के साथ ही बिजली से भी चलता है। मांडल से नसीराबाद तक तार सही होने से इलेक्ट्रिक इंजन का परीक्षण सफल रहा था। लेकिन मांडल से डेट की ओर खामियां थीं। ये खामियां सुधारने के बाद फिर से निरीक्षण किया जा रहा है।