कोटड़ी | बनकाखेड़ा स्थित मोचड़िया मंडल देवनारायण मंदिर में सात दिवसीय 51 कुंडीय विष्णु महायज्ञ एवं स्वर्ण कलश स्थापना समारोह शुरू हुआ। कलश यात्रा में शामिल 1100 महिलाओं ने सिर पर कलश धारण किए। कलश यात्रा जब हाईवे पर पहुंची तो 41 डिग्री तापमान के कारण सड़क गर्म हो गई। इस पर चलना दूभर हो रहा था। इस पर आयोजकों ने टैंकर बुलाया और तीन किमी तक सड़क पर पानी का छिड़काव किया। आगे-आगे टैंकर से पानी का छिड़काव करते रहे और पीछे महिलाएं कलश लेकर निकलीं। महोत्सव के समापन पर 27 मई को माता साडू के मंदिर शिखर पर स्वर्ण कलश की स्थापना होगी। आयोजन समिति के अध्यक्ष कन्हैयालाल जाट (भदाला) ने बताया कि 9:15 बजे गांव के चावंडा माता मंदिर से 1100 महिलाएं सिर पर कलश लेकर कलश यात्रा में शामिल हुई। पंजाबी बैंड व मंदसौरी ढोल कलश यात्रा का आकर्षण रहे। जहाजपुर के पूर्व विधायक व प्रधान शिवजीराम मीणा ने कलश यात्रा को रवाना किया। कलश यात्रा देवनारायण मंदिर स्थित यज्ञशाला पहुंची। कलश यात्रा पर ड्रोन से पुष्पवर्षा की। विष्णु महायज्ञ की पूर्णाहुति 27 मई को सुबह 11बजे होगी। माता साडू के मंदिर पर स्वर्ण कलश की स्थापना दोपहर 12:15 पर होगी। महायज्ञ में आने वाले भक्तों के लिए प्रतिदिन 60 हलवाई भोजन बनाएंगे। कलश यात्रा के शुभारंभ पर जिला प्रमुख शक्ति सिंह हाड़ा, कोटड़ी मंडल अध्यक्ष योगेंद्र सिंह छापड़ेल, ओबीसी मोर्चा जिला उपाध्यक्ष अमरचंद गाडरी आदि मौजूद थे।
बनकाखेड़ा में 51 कुंडीय विष्णु महायज्ञ व स्वर्ण कलश स्थापना महोत्सव शुरू, ड्रोन से की पुष्पवर्षा
गर्मी के कारण भक्तों के लिए मिनरल वाटर व ठंडाई की व्यवस्था की
कलश यात्रा करीब 3 किलोमीटर लंबी थी। गर्मी के कारण कलश यात्रा में शामिल श्रद्धालुओं के लिए जगह-जगह मिनरल वाटर व ठंडाई की व्यवस्था की गई। ठंडाई के ड्रम भरकर वाहनों में रखे और रास्ते में भक्तों को पिलाते रहे। गर्मी ज्यादा होने से कलश यात्रा के साथ चिकित्सा टीम भी थी। सवाईपुर पुलिस चौकी व कोटड़ी थाने का जाब्ता तैनात रहा।