गर्मी का मौसम आते ही ग्रामीण क्षेत्रों में पानी की समस्या उत्पन्न हो जाती है। यहां विभागीय अधिकारयों की उदासीनता के कारण ग्रामीण क्षेत्र में दर्जनों हैडपंप खराब हैं। वहीं दर्जनों हैडपंप सूख चुके है। लोग सुबह से ही पीने के पानी के लिए हैडपंपों पर बर्तनों को लेकर खड़े देखे जा सकते है। जहां घंटों इंतजार के बाद उन्हें पीने का पानी मिल पा रहा है। हाल ही में जलदाय विभाग की सर्वे रिपोर्ट के मुताबिक ग्राम पंचायत हिनौता, बोथपुरा, विपरपुर, टांडा, मनियां तथा दुबाटी ग्राम पंचायतों में 872 हैडपंप लगे हुए है जिनमें से 126 हैडपंप खराब हैं एवं 78 हैडपंप सूख चुके है। ऐसे में पेयजल समस्या को लेकर न तो विभाग की ओर से खराब पड़े हैडपंपों को ठीक किया जा रहा है और ड्राई पड़े हैडपंपों की जगह नए हैडपंप लगाए जा रहे है। जिससे पेयजल समस्या का समाधान नही हो पा रहा है।
हिनौता ग्राम पंचायत के सात गांवों में 130 हैडपंप में से 30 खराब 17 ड्राई
जहां जलदाय विभाग की सर्वे के अनुसार ग्राम पंचायत हिनौता में कुल 130 हैडपंप लगे है जिनमें से 30 हैडपंप खराब पड़े है और 17 हैडपंप ड्राई होने से पेयजल समस्या बनी हुई है। पंचायत के गांव फूलपुर में एक हजार की आबादी है, जिसमें 15 हैडपंप लगे है उनमें से 7 हैडपंप ही चालू है ऐसे में ग्रामीण सुबह से ही हैडपंपों पर अपने वर्तन लेकर पहुंच जाते है। शुक्रवार को पेयजल समस्या को लेकर ग्रामीणों ने ग्राम पंचयत सरपंच जयवीर पोसवाल को मोके पर बुलाया और स्थित से अवगत कराया जिस पर सरपंच ने मोके से ही विभागीय अधिकारयों से बात कर गांव में खराब पड़े हैडपंपों को ठीक कराए जाने की बात कही। सरपंच ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्र में इन दिनों पेयजल समस्या दिन पर दिन बढ़ती जा रही है। क्षेत्र में अधिकांश हैडपंप खराब पड़े है जिसकी कई बार विभागीय अधिकारयों को भी कहा गया है वही ड्राई हैडपंपों की जगह नए हैडपंप भी नही लगाए जा रहे है जिससे पानी की समस्या का पूरी तरह से समाधान नही हो पा रहा है।
मनियां. गांव फूलपुर में हैडपंप पर पानी के लिए लगी भीड़ सरपंच को समस्या से अवगत कराते।
मनियां. गांव फूलपुर में हैडपंप पर पानी के लिए लगी भीड़ सरपंच को समस्या से अवगत कराते।