बेटियों से दुष्कर्म और हत्या के विरोध में कैंडल मार्च
मंगलवार को पलामू के सामाजिक संगठनों द्वारा यूपी व कश्मीर सहित देश के अलग-अलग हिस्सों में हो रहे दुष्कर्म और हत्या जैसे अपराध के विरोध को लेकर स्थानीय जेलहाता चौक से कैंडल मार्च निकाला गया। कैंडल मार्च गीता भवन, आंबेडकर चौक और थाना होते छ:मुहान पर जाकर संपन्न हुआ। कैंडल मार्च में छोटे-छोटे बच्चे भी हाथों में तख्तियां थी। मार्च का नेतृत्व सामाजिक कार्यकर्ता वंदना कुमारी ने किया। उन्होंने बताया कि आज पूरा देश बेटियों के चीत्कार से गूंज रहा है। जहां बेटियों की पूजा की जाती है उस देश पर आज छोटी-छोटी बच्चियों के साथ दुष्कर्म और हत्या जैसी घटना हो रही है। पुलिस प्रशासन भी इन अपराधों को रोक पाने और महिलाओं को सुरक्षा देने में विफल रही है। कैंडल मार्च में शामिल स्वयंसेवी संस्था फेमिनिस्ट की स्वर्ण लता रंजन ने कहा कि सरकार को इस तरह की घिनौने अपराध को रोकने के लिए कड़े कानून बनाने चाहिए ताकि देश में घटित हो रहा है रेप की घटनाओं पर अंकुश लगाया जा सके। कैंडल मार्च में बुद्धिजीवी वर्गों के अलावा नवयुवकों व कॉलेज के छात्र छात्राओं की भी भीड़ रही। मौके पर तमन्ना, तृप्ति, नम्रता , शालिनी, पूजा, प्रथा भट्टाचार्य, रीता सिन्हा, रीना सिन्हा, नीमा सिन्हा, संजू कुमारी, श्वेता केशव, नेहा किरण कुमारी, रुचिर कुमार, किशोर सिन्हा, संजय राम, कौशल किशोर के अलावा अनेक संगठन के सामाजिक कार्यकर्ता शामिल रहे।
कैंडल मार्च
मंगलवार को सामाजिक संगठनों ने देश में बेटियों पर हो रहे अत्याचार के विरोध में किया प्रदर्शन
कैंडल मार्च निकालते आप पार्टी के नेता, कार्यकर्ता व अन्य लोग।