एसटी समाज के युवकों पर मामले रद्द करने की मांग
भारत मुक्ति मोर्चा, बहुजन क्रांति मोर्चा व ओबीसी मैनरोटी जत्थेबंदियों द्वारा भारत के 31 राज्यों, 550 जिलों में डिप्टी कमिश्नरों को मांगपत्र दिए गए, जिनमें एससी, एसटी एक्ट इसको दोबारा संशोधन कर सख्ती से लागू हो और संविधान की अनुसूची नौ में दर्ज करने की मांग की गई। इस एक्ट में विस्तार करके बैकवर्ड क्लासों व धार्मिक कम गिणतीयों में शामिल करके सुरक्षित किया जाए। इसमें 2-4-2018 को एससी, एसटी जत्थेबंदियों द्वारा भारत बंद के आहवान दौरान एससी, एसटी समाज के नौजवानों पर किए झूठे मामले रद्द किए जाएं।