गोल-गप्पे बेचकर विरोध प्रदर्शन करते रोजगार सहायक पंचायत सचिव कर्मचारी।
सेवा में नियमित करने की मांग को लेकर पंचायतों के सहायक सचिवों ने शनिवार को पांचवें दिन भी नहीं किया काम
भास्कर संवाददाता | मुरैना
सचिवों के समान वेतन देने व सेवा में नियमित करने की मांग को लेकर बेमियादी हड़ताल पर आमादा सहायक सचिवों ने शनिवार को भी काम नहीं किया। हड़ताली कर्मचारियों ने वित्तमंत्री के बयान के विरोध में धरनास्थल पर गोल-गप्पे बेचे।
ग्राम रोजगार सहायक सचिव संगठन के जिला अध्यक्ष दिनेश मावई ने हड़ताली कर्मचारियों को संबोधित करते हुए कहा कि पांच दिन से प्रदेशभर में सहायक सचिव काम बंद हड़ताल पर हैं। इससे पंचायतों के काम-काज ठप बने हुए हैं। इसके बाद भी मुख्यमंत्री, संगठन की मांग को मानने के लिए सहमत नहीं हैं। बल्कि वित्तमंत्री जयंत मलैया बयान दे रहे हैं कि हड़ताल समाप्त नहीं हुई तो आंदोलनकारी सहायक सचिवों को सेवा से हटा दिया जाएगा। हम भी सरकार को बता देना चाहते हैं कि वर्तमान में सहायक सचिवों को तो मानदेय दिया जा रहा है उससे कहीं अधिक एक गोल-गप्पे बेचने वाला व्यक्ति कमा लेता है। सहायक सचिवों की स्थिति गोल-गप्पे बेचने वालों से भी बदतर है। वित्तमंत्री अपनी संतुष्टि के लिए प्रदेशभर के हड़ताली सहायक सचिवों को पंचायतों की सेवा से हटा भी देते हैं तो हमारी आय पर बहुत अधिक फर्क पड़ने वाला नहीं है।