मुंगावली | प्राचीन सिद्धेश्वर मंदिर पास स्थित प्राचीन कुआं देखरेख के अभाव में नष्ट हो रहा है। इस कुएं में साल भर पानी भरा रहता है। इस पानी का उपयोग मंदिर आने वाले श्रद्धालु हाथ पैर धोने और नहाने में करते हैं। देखरेख व साफ-सफाई के अभाव में कुएं में गंदगी जमा हो गई है। इससे कुएं का पानी दूषित होता जा रहा है।
जिम्मेदार लोगों की अनदेखी के कारण इस प्राचीन कुएं का पानी इस्तेमाल योग्य नहीं बचा है। इसमें कीड़े-मकौड़े पैदा हो रहे हैं। यदि समय रहते इस कुएं की साफ-सफाई नहीं की तो यह कुआं भी अन्य कुआं की तरह नष्ट हो जाएगा। शनि मंदिर के पुजारी रामबाबू जोशी ने बताया कि इस कुएं की साफ-सफाई के लिए हम कई बार नगर परिषद में आवेदन दे चुके हैं। इसके बाद भी नगर परिषद ने कुएं की साफ सफाई नहीं की है। शनिचरी अमावस्या व अन्य त्योहारों पर श्रद्धालु इस कुएं पर नहाने व कुएं का पानी पूजा पाठ में उपयोग करते आ रहे हैं। कुएं में गंदगी होने के कारण अब लोग इसके पानी का उपयोग नहीं कर रहे हैं।