नांगल चौधरी की पशु अस्पताल के ऊपर से हाइटेंशन बिजली सप्लाई की लाइन क्रॉसिंग कर रही है। थोड़ी हवा चलते ही तारों में स्पार्क होना शुरू होता है। जिससे कर्मचारी एवं पशु पालकों को जानलेवा खतरा बना रहता है। हंसराज, भारत यादव, विनोद, महेशचंद, दुर्गा प्रसाद, सुदेश आदि पशुपालकों ने बताया कि खंड के गांवों में करीब 30 हजार विभिन्न मवेशी हैं। उपचार की सुविधा को लेकर सर्कल स्तर पर पशु अस्पताल स्थापित कर दिए गए। जिनमें रोजाना सैकड़ों पशुओं को विभिन्न बीमारियों के टीके लगाए जाते हैं। नांगल चौधरी अस्पताल के ऊपर से विभाग ने तीन साल पहले हाइटेंशन बिजली सप्लाई की लाइन क्रोस करवा दी।
तारों में पेड़ों की टहनियां उलझने से स्पार्क तथा टूटने की संभावना बढ़ गई। मार्च में तारों की स्पार्किंग से एक पेड़ जल गया था, उस दौरान पशुपालक मौजूद नहीं थे, वर्ना जान-माल का नुकसान भी हो सकता था। कार्यरत कर्मियों ने बताया कि बारिश के दौरान हाइटेंशन लाइन से पेड़ों में हवाई करंट उत्पन्न हो जाता है। जिससे कभी भी जानलेवा हादसा घटित हो सकता है।
विभाग को अवगत करवा दिया
जीवीएच के कर्मचारियों ने बताया कि हाइटेंशन लाइन से कर्मचारी, पशु व ग्रामीणों को जानलेवा खतरा रहता है। समस्या से बिजली निगम तथा विभागीय अधिकारियों को अवगत करवा दिया। किंतु निगम ने समाधान प्रक्रिया आरंभ नहीं करवाई है।
स्पार्किंग की नहीं मिली शिकायत
निगम के जेई सत्यपाल सिंह ने बताया कि पशु अस्पताल के ऊपर से गुजर रही हाइटेंशन विद्युत सप्लाई लाइन में स्पार्किंग होने की शिकायत नहीं मिली और ना ही लाइन हटवाने संबंधित प्रस्ताव मिला। शिकायत मिलने पर उच्चाधिकारियों के आदेशानुसार कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
नांगल चौधरी. पशु अस्पताल के ऊपर से गुजर रही हाइटेंशन बिजली लाइन।